निर्भया केसः अक्षय ने राष्ट्रपति को भेजी दया याचिका, विनय अर्जी हुई खारिज

  • Nirbhaya Case दोषियों ने फिर चला बचाव का दांव
  • दोषी अक्षय ने राष्ट्रपति को भेजी mercy petition
  • राष्ट्रपति ने खारिज की विनय की दया याचिका

By: धीरज शर्मा

Published: 01 Feb 2020, 11:57 AM IST

नई दिल्ली। निर्भया गैंगरेप केस ( Nirbhaya gangrape Case ) में एक बार फिर बड़ी खबर सामने आई है। निर्भया को चारों दोषी लगातार कानूनी दांव पेचों के जरिये अपना बचाव कर रहे हैं। कभी कोर्ट का तो कभी राष्ट्रपति ( President ) को दया याचिका ( Mercy Petition ) भेज कर दोषी अब तक अपने गुनाहों की सजा से बचते जा रहे हैं।

निर्भा मामले एक बार फिर बड़ी खबर सामने आई है। एक तरफ राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने दोषी विनय की दया याचिका को खारिज कर दिया है तो दूसरी तरफ दोषी अक्षय ने राष्ट्रपति को दया याचिका भेजी है।

पहाड़ों पर बर्फबारी का एक बार फिर टूटा कई सालों का रिकॉर्ड, देश के कई राज्यों में सर्दी को लेकर अलर्ट जारी

रोते हुए निर्भया की मां ने खोला केस से जुड़ा सबसे बड़ा राज, वकील को लेकर बताई बुरी बात

आपको बात दें कि शुक्रवार को दिल्ली पटियाला हाउस कोर्ट ने चारों दोषियों की 1 फरवरी की फांसी पर अगले आदेश तक रोक लगा दी थी।

'निर्भया' मामले के एक अन्य दोषी विनय शर्मा की दया याचिका राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की ओर से खारिज कर दी गई है। राष्ट्रपति ने विनय की मर्सी पिटिशिन खारिज कर दी है।

इससे पहले 17 जनवरी को राष्ट्रपति ने दोषी मुकेश सिंह की दया याचिका खारिज कर दी थी, जिसके बाद उसने राष्ट्रपति के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की थी लेकिन सर्वोच्च न्यायालय ने उसे खारिज कर दिया था।

अब गुनाहगारों के पास बचें ये विकल्प
निर्भया को चारों दोषियों में से एक मुकेश के बचाव के सारे विकल्प खत्म हो चुके हैं। जबकि बचे हुए तीन दोषियों में से विनय शर्मा के भी तीन विकल्पों में से दो खत्म हो गए हैं। जबकि पवन गुप्ता के पास अभी तीनों विकल्प (क्यूरेटिव पिटिशन, मर्सी पिटिशन और मर्सी पिटिशन को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती ) बाकी हैं।

दोषियों को पास अब पांच विकल्प बचे हैं। इनमें से पवन के तीन और विनय और अक्षय के एक-एक विकल्प बाकी हैं।

अक्षय सिंह की क्यूरेटिव पिटिशन खारिज हो चुकी है। उसने अब तक दया याचिका दायर की है। इसके बाद राष्ट्रपति से खारिज होने पर अक्षय इसे सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दे सकता है।

Show More
धीरज शर्मा
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned