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हाईकोर्ट अग्निकांड की जांच शुरू
जबलपुर। हाईकोर्ट प्रशासनिक भवन के अभिलेखागार में बुधवार सुबह लगी आग की घटना की जांच शुरू हो गई है। अग्निकांड में महत्वपूर्ण दस्तावेज और प्रकरणों की फाइल जल जाने की घटना को हाईकोर्ट प्रशासन ने गंभीरता से लिया है।
सूत्रों के अनुसार हाईकोर्ट के एक वरिष्ठ अधिकारी को जांच का जिम्मा सौंपा है। आग से हुई क्षति और उसके मूल कारण जांच के मुख्य बिंदु होंगे। सनद रहे कि हाईकोर्ट के प्रशासनिक भवन के अभिलेखागार में लगी आग में लगभग दस हजार प्रकरणों की फाइलें जल गर्ई। रिकार्ड रूम में कुल 800 रेक्स में दो लाख फाइलें रखी हैं, जिनमें से करीब बारह रेक्स जल गए।
सीजे ने किया मुआयना गुरूवार को मुख्य न्यायाधीश एसआर आलम ने घटनास्थल पर जाकर मुआयना किया और संबंधित अधिकारियों से चर्चा की। घटना के दिन सीजे शहर से बाहर थे। उनके लौटते ही रजिस्ट्री के अधिकारियों ने घटना की पूरी जानकारी दी गई। मुख्य न्यायाधीश ने अग्निकांड की विस्तृत जांच के आदेश दिए।
कितना पुराना रिकॉर्ड अग्निकांड की जांच में इस बात का पता लगाया जा रहा है जला हुआ रिकार्ड कितना पुराना है। जिन रेक्स में आग लगी थी, उनमें ज्यादातर निराकृत प्रकरणों की फाइलें रखी थी। इस बात की खोज भी की जा रही है कि जले हुए रिकार्ड की अतिरिक्त कॉपी है या नहीं।
साजिश तो नहीं बुधवार को रिकार्ड रूम में आग लगने की घटना के बाद लोगों में इस बात की चर्चा रही कि इसके पीछे किसी की साजिश तो नहीं है। हाईकोर्ट के प्रकरणों की फाइलें बहुत ही महत्वपूर्ण और गोपनीय दस्तावेज होते हैं। उल्लेखनीय है कि हाईकोर्ट से गोपनीय दस्तावेज प्रशासनिक भवन तक पहुंचाने के लिए एक सब-वे का निर्माण भी कराया गया है।
रिकार्ड रूम में लगी अग्निकांड की जांच शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान नष्ट हुए रिकार्ड का आंकलन किया जाएगा। तीन-चार दिनों में रिपोर्ट आने की संभावना है। टीके कौशल, रजिस्ट्रार जनरल
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