Patrika Hindi News

नर्सरी में तीन से पांच वर्ष के बच्चों को मिलेगा प्रवेश

Updated: IST
नर्सरी में तीन से पांच वर्ष के बच्चों को मिलेगा प्रवेशआरटीई के तहत शासन ने जारी की गाइडलाइन।

बैतूल। आरटीई के तहत गरीब बच्चों के प्रवेश का इंतजार खत्म हो गया है। शासन की ओर प्रवेश को लेकर गाइड लाइन जारी कर दी है। प्रवेश के लिए एक मई से ऑनलाइन पंजीयन शुरू हो जाएगा। पूरी प्रवेश प्रक्रिया 20 जून तक चलेगी। उल्लेखनीय है कि पत्रिका ने गरीब के बच्चों को आरटीई के तहत प्रवेश नहीं मिलने को लेकर 15 अप्रैल 2017 को शीर्षक निजी स्कूल में पढ़ाई शुरू गरीब बच्चों को प्रवेश नहीं से खबर प्रकाशित की थी। प्राइवेट स्कूल शुरू होने के बाद भी गरीब बच्चों को प्रवेश नहीं मिल रहा था।
आरटीई के तहत जिले के निजी स्कूलोंं में 25 प्रतिशत बच्चों को नि:शुल्क प्रवेश दिया जाता है। गरीब, कमजोर तबके के बच्चों को प्रवेश के बाद शासन परीक्षा की फीस जमा करता है। हर वर्ष आरटीई के तहत गरीब बच्चों को प्रवेश को लेकर देरी से गाइड लाइन जारी की जाती थी। जिससे गरीब बच्चों को ऐनवक्त पर प्रवेश नहीं मिलने से साल ही बर्बाद हो जाता था। बच्चों को आरटीई के तहत प्रवेश नहीं मिलने और स्कूल में प्रवेश प्रक्रिया बंद हो जाती थी। इस वर्ष भी यही स्थिति थी। निजी स्कूल शुरू हो गए थे और शासन की ओर से प्रवेश को लेकर गाइड लाइन ही जारी नहीं की गई थी,जिसके अभाव में बच्चों को प्रवेश नहीं मिल रहा था। पालक स्कूल और जिला शिक्षा केन्द्र के चक्कर काट रहे थे। पत्रिका ने इसको लेकर खबर प्रकाशित की थी। जिसके बाद शासन ने गाइड लाइन जारी कर दी है। गरीब बच्चों के निजी स्कूल में आरटीई के तहत प्रवेश को लेकर 01 मई 2017 से प्रवेश प्रक्रिया शुरू होगी,जो कि 20 जून तक चलेगी। प्रवेश के लिए एक व्यक्ति एक ही आवेदन कर सकेगा। आवेदन फॉर्म में न्यूनतम तीन स्कूलों का चयन करना जरुरी होगी। ग्रामीण क्षेत्रों स्कूल की संख्या कम होने से कम स्कूल भी दर्ज किए जा सकेंगे।
प्रवेश के लिए यह दस्तावेज होंगे जरुरी
आरटीई के तहत प्रवेश लेने वाले बच्चों के लिए पालक और अभिभावकों के मतदाता परिचय पत्र, राशन कार्ड, पात्रता पर्ची, समग्र पर्ची, ग्रामीण क्षेत्र में जॉब कार्ड, बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र सहित अन्य दस्तावेज मान्य होंगे। निवास संंबंधी प्रमाण पत्र के लिए बिजली बिल आदि दस्तावेज लगेंगे।
ये होगा उम्र का बंधन
आरटीई के तहत प्रवेश लेने वाले बच्चों के लिए उम्र का बंधन भी तय कर दिया है। नर्सरी/प्री प्रायमरी के लिए न्यूनतम आयु 03 वर्ष से 05 वर्ष तय की गई है। कक्षा पहली में प्रवेश के लिए उम्र 05 वर्ष से 07 वर्ष होगी। उम्र की गणना 16 जून 2017 से की जाएगी। कमजोर वर्ग में गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले परिवार शामिल होंगे। पालक और अभिभावक के नाम से जारी जीवित बीपीएल कार्ड बच्चों के प्रवेश के लिए मान्य होगा। अनाथ बच्चों को कमजोर वर्ग में शामिल किया है। ऐसे बच्चों के लिए जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास विभाग द्वारा प्रमाण पत्र जारी किया जा सकेगा।
हेल्प डेस्क की होगी स्थापना
आरटीई के तहत प्रवेश लेने वाले बच्चों के लिए ऑनलाइन के माध्यम से आवेदन किए जा सकेंगे। आवेदन करने में किसी प्रकार की समस्या होने पर विकासखंड के जनपद शिक्षा केन्द्र में हेल्प डेस्क की स्थापना की जाएगी। इस डेस्क माध्यम से भी ऑनलाइन आवेदन किए जा सकेंगे। जनपद शिक्षा केन्द्रों पर एक माह के लिए हेल्प डेस्क की स्थापना की जाएगी।
आरटीई में कब-क्या
गतिविधि समय सीमा
नोडल अधिकारियों की नियुक्ति और प्रशिक्षण 30 अप्रैल 2017 तक
आवेदन पत्र का पंजीयन पोर्टल पर करना 01 मई से 15 मई 2017 तक
पोर्टल पर पंजीकृत आवेदन में सुधार 20 मई 2017 तक
रेंडम पद्धति से ऑनलाइन सीटों का आवंटन 31 मई 2017 तक
आवंटन पत्र डाउनलोड करना 01 जून से 15 जून तक
नोडल अधिकारियों द्वारा दस्तावेजों का परीक्षण 01 जून से 15 जून तक
पात्र बच्चों को स्कूल में प्रवेश 01 जून से 20 जून तक

विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं? भारत मैट्रीमोनी में निःशुल्क रजिस्टर करें !
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???