Patrika Hindi News

यहां आकर स्वस्थ्य भी हो रहे बीमार

Updated: IST damoh
वार्ड छोड़कर बरामदों में भाग रहे मरीजट्रामा सेंटर में उपचार कराना और करना दोनों दूबर

दमोह. जिला अस्पताल के वार्डों में आ रही बेजा बदबू से मरीजों को उपचार करा पाना मुश्किल हो रहा है, वहीं उपचार करने में अस्पताल के कर्मचारियों को भी काफी परेशानी हो रही है। मुंह पर कपड़ा बांधे हुए मरीज व उनके परिजन अस्पताल के भीतर उपचार कराते देखे गए हैं, यही हाल वार्ड के स्टॉफ कर्मचारियों का है। अस्पताल की बिगड़ी सफाई व्यवस्था की वजह से यह स्थिति सामने आई है, लेकिन आ रही बदबू को हटाने में सफाई कर्मी भी हाथ पर हाथ रखे बैठे हैं।

बरामदों में भाग रहे मरीज

शुक्रवार को अस्पताल के ट्रामा सेंटर व सर्जिकल वार्ड में अत्याधिक बदबू आ रही थी, जिसकी वजह से मरीज बरामदों में लेटे देखे जा रहे थे। स्थिति यह थी कि वार्ड के पलंग मरीजों से खाली पड़े थे और मरीज उपचार कराने की वजह बरामदों में समय निकाल रहे थे। यही स्थिति मेटरनिटी वार्ड की भी है। अस्पताल के भीतर के सभी तरफ के बरामदों में मरीज लेटे देखे जा रहे थे। मरीजों ने बताया है कि वार्ड में पांच मिनट भी रूक पाना मुश्किल बना हुआ है।
गर्मी ने और बिगाड़ी स्थिति
अस्पताल में फैली बदबू गर्मी की वजह से और अधिक लोगों को प्रभावित कर रही है। बदबू की वजह से स्वास्थ्य मरीजों के परिजनों के बीमार होने का खतरा बना हुआ है। मुश्किल यह है कि परिजन मरीज को छोड़कर जा नहीं पा रहे हैं और वार्ड में उनके साथ रूक पाना मुश्किल बना हुआ है। शुक्रवार को ट्रामा सेंटर में भर्ती हुए कुछ मरीज निजी अस्पताल जाने की जानकारी भी वार्ड के स्टॉफ द्वारा दी गई है।

सफाई कर्मी हाथ पर हाथ रखे

अस्पताल के वार्डों की बिगड़ी सफाई व्यवस्था को लेकर सफाई कामगारों का कहना है कि वार्डों में नियमित सफाई की जा रही है, लेकिन आ रही बदबू की रोकथाम नहीं हो पा रही है। सफाई कर्मियों का कहना है कि वार्ड की नालियां चोक हो चुकीं हैं जो सड़ांद मार रही हैं। वार्डों के भीतर कितनी बार भी सफाई कर दी जाए लेकिन नालियों की सफाई नही ंहोने से बदबू आ रही है।

प्रबंधन ने साधी चुप्पी

जिला अस्पताल प्रबंधन सालाना सफाई का निजी ठेका कर देता है और सफाई की बात सामने आने पर प्रबंधन निजी ठेकेदार को जिम्मेदार बता रहा है। सिविल सर्जन बीआर अग्रवाल इस मामले में कहते हैं कि सफाई ठेकेदार को नोटिस दिए गए हैं। वहीं बताया गया है कि पिछले साल के भीतर एक दर्जन से अधिक नोटिस सफाई ठेकेदार को जारी हो चुके हैं, लेकिन किसी नोटिस के विरूद्ध कार्रवाई नहीं कि गई है।

यह भी पढ़े :
अपने विवाह के सपने को भारत मैट्रीमोनी पर साकार करे।- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन करे!
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???