Patrika Hindi News

सीबीएसई स्कूलों में जैमर लगाने की सलाह

Updated: IST delhi news
केंद्र सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि चाइल्ड पोर्नोग्राफी के मुद्दे से पूरी तरह निपटने के लिए कदम उठाए जा रहे

नई दिल्ली. केंद्र सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि चाइल्ड पोर्नोग्राफी के मुद्दे से पूरी तरह निपटने के लिए कदम उठाए जा रहे। सरकार ने जस्टिस दीपक मिश्रा की अगुवाई वाली तीन सदस्यों की पीठ को यह भी बताया कि उन्होंने सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) से स्कूलों में जैमर लगाने पर विचार करने को कहा है, ताकि छात्रों की पोर्नोग्राफी साइटों तक पहुंच न हो सके।

अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल पिंकी आनंद ने पीठ से कहा कि हम ऐसे तरीकों के साथ आ रहे हैं जो ऐसे हालात से पूरी तरह निपटेंगे। स्कूल बसों में जैमर लगाना मुमकिन नहीं है। देश में बाल यौन तस्करी के चंगुल से बचने वाली बच्चियों के लिए प्रोग्राम चलाया जा रहा है। उन्हें कानून की पढ़ाई करने के लिए प्रोत्साहित भी किया जा रहा है। डच एंटी ट्रैफिकिंग समूह 'फ्री ए गर्लÓ द्वारा अप्रेल में 'स्कूल फॉर जस्टिस' शुरू किया गया था।

3500 पोर्न साइट ब्लॉक की गई

केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में यह भी बताया कि इससे संबंधित करीब 3500 वेबसाइटों को पिछले महीने ब्लॉक कर दिया गया है।

सरकार 2 दिन में पेश करेगी स्टेटस रिपोर्ट

सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से कहा कि वह चाइल्ड पोर्नोग्राफी पर रोक के लिए उठाए कदमों पर स्टेटस रिपोर्ट पेश करेगी। कोर्ट ने केंद्र से दो दिन के अंदर रिपोर्ट पेश करने को कहा है। सुप्रीम कोर्ट चाइल्ड पोर्नोग्राफी को रोकने के लिए कदम उठाने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई कर रही है।

विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ? भारत मॅट्रिमोनी में निःशुल्क रजिस्टर करें !
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???