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दो भाईयों ने बैंक को कई बार लगाया लाखों का चूना, तरीका सुन पुलिस हैरान 

Updated: IST capture, smoothie
एटीएम से पैसा चुराने वाले जालौन के शातिर ठग पकड़े गए हैं, जो सिर्फ इंडियन ओवरसीज बैंक के ग्राहकों के खाते से रकम चुराते थे। खास बात यह है कि ठग...

ग्वालियर . एटीएम से पैसा चुराने वाले जालौन के शातिर ठग पकड़े गए हैं, जो सिर्फ इंडियन ओवरसीज बैंक के ग्राहकों के खाते से रकम चुराते थे। खास बात यह है कि ठग जिसके खाते से रकम निकालते थे, उससे रजामंदी भी लेते। चोरी की रकम में से खाताधारक को कमीशन भी देते थे। ठगों ने जब यह खुलासा किया तो पुलिस भी भौचक्की रह गई। दोनों के पास करीब 35-40 एटीएम कार्ड मिले हैं।

दरअसल, इंडियन ओवरसीज बैंक ने ग्राहकों की सहूलियत के लिए नियम बना रखा है कि अगर उसके किसी खाताधारक के खाते से पैसा चोरी होता है तो बैंक सात दिन की जांच के बाद ग्राहक को पैसा लौटा देगी। बैंक के इस नियम का फायदा जालौन निवासी प्रशांत और रनवीर यादव ने उठाया। दोनों रिश्ते में चचेरे भाई हैं।

पहले खाताधारक तलाशे
दोनों ने पता लगाया कि मध्यप्रदेश में ओवर सीज बैंक के कितने एटीएम हैं, फिर उन बैंकों के खाताधारकों को तलाशा। ग्राहकों से ठगों ने तय किया कि वह उनके खाते से रकम चुराएंगे, फिर ग्राहक बैंक व पुलिस से कार्ड बदलकर रकम चोरी की शिकायत करेगा। बैंक जांच करने के बाद ग्राहक का चोरी गया पैसा लौटा देगा।

ईमानदारी से देते थे हिस्सा
इसके अलावा वह कार्ड धारक को उसके खाते से चुराई रकम में भी हिस्सा देंगे। पुरानी छावनी टीआई प्रीति भार्गव ने बताया, प्रशांत व रनवीर ने शहर व डबरा में इंडियन ओवरसीज बैंक के एटीएम चिह्नत किए, फिर 25-26 सितंबर को जालौन से ग्वालियर आए।

सुरक्षा गार्ड ने पहचाना
पुरानी छावनी, सिटी सेंटर और डबरा के एटीएम से करीब 2 लाख चोरी की। पहली खेप में पैसा चोरी करने में कामयाब रहे तो मंगलवार को फिर रकम चुराने आए। दोनों यह भूल गए, उनके फोटो एटीएम में लगे सीसीटीवी कैमरे में आ गए हैं। दोनों पुरानी छावनी चौराहे के पास बैंक के एटीएम में घुसे तो बैंक के सुरक्षा गार्ड ने उन्हें पहचान कर पुलिस को बुला लिया।

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