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यहां की जा रही सरेआम लाखों के काला पत्थर की चोरी

Updated: IST black stone
दुगांलिया गांव का मामला, उत्खननकर्ताओं के हौसले बुलंद, ग्रामीणों की शिकायत पर नहीं हुई कार्रवाई

सिराली. क्षेत्र के दुगांलिया में अवैध उत्खनन नहीं रूक रहा है। सरेआम लाखों का काला पत्थर निकाला जा रहा है। खनिज विभाग और जिला प्रशासन कार्रवाई करने में रुचि नहीं ले रहा है। मालूम हो दुगांलिया में आदिवासी किसानों को चंद रुपयों का लालच देकर उनकी उपजाऊ भूमि को खोकला किया जा रहा है।

आप से जानकारी मिली है, जांच करेंगे...

विगत दो वर्षों से क्षेत्र में अवैध उत्खनन ओर परिवहन किया जारहा है। जब भी जवाबदार अधिकारी से चर्चा की जाती है तो एक ही रटारटाया जवाब मिलता है कि आप से जानकारी मिली है, जांच करेंगे। कार्रवाई करने में कोई भी सक्षम अधिकारी आगे नहीं आ रहा है, जिससे कई सवाल खड़े हो रहे हैं। आसपास नदियों और कुछ वनग्रामों में लंबे समय से अवैध उत्खनन और परिवहन का गौरखधंधा अधिकारियों के संरक्षण में खूब फल फूल रहा है।

सड़कें हो रही खराब

क्षेत्र में अवैध उत्खनन में लिप्त डंपर 25-30 टन वजन लेकर चलते हैं, जिससे क्षेत्र की सड़कें खराब हो रही है। ग्रामीणों को बदहाल सड़कों पर आवागमन करना पड़ रहा है। अवैध डंपरों की धरपकड़ करने में विभाग और पुलिस भी दिलचस्पी नहीं दिखा रही है।

तहसीलदार के निर्देश पर बनाया था प्रतिवेदन :

विगत दिनों ग्रामीणों ने तहसीलदार मनीष शर्मा से दुगांलिया में अवैध उत्खनन चलने की शिकायत की थी। इसके बाद तहसीलदार ने नायब तहसीलदार बीएल बटटी एवं पटवारी चोलकर को जांच करने भेजा। इसके बाद अधिकारियों ने मौके पर जाकर जांच की। पंचनामा बनाकर नायब तहसीलदार ने तहसीलदार शर्मा को सौंप दिसा। इसके कई दिन बाद भी संबंधित उत्खननकर्ता पर कार्रवाई नहीं हुई। जानकारी अनुसार दुगांलिया में आधा दर्जन स्थानों पर अवैध उत्खनन किया जा रहा है, जिससे ग्रामीण परेशान हैं।

इनका कहना है

दुगांलिया गांव में कहीं पर भी अवैध उत्खनन हो रहा हो तो तहसीलदार के माध्यम से जांच कराएंगे।

मुमताज खान, जिला खनिज अधिकारी

खनिज विभाग ने जहां की स्वीकृति दी थी, वहां भी काला पत्थर का अवैध उत्खनन पाया गया। जांच प्रतिवेदन विभाग को भेज दिया है।

बीएल बटटी, नायब तहसीलदार

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