Patrika Hindi News

Health tips- इस बर्तन का पानी पिएंगे तो खत्म हो जाएंगे कई रोग

Updated: IST pure water
गंगाजल सा पवित्र माना जाता है ताम्र पात्र का पानी, इस पानी के हैं कई फायदे

जबलपुर।आयुर्वेद के जानकार अनुभवी वैद्य हों या एलोपैथी के प्रसिद्ध डाक्टर्स-सभी एक तथ्य पर एकमत हैं- पेट की खराबी अधिकांश रोगों की जड़ होती है। कब्ज की एक बीमारी शरीर में अनेक विकार उत्पन्न कर देती है। तांबे के बर्तन में काा पानी पीने से कभी भी पेट खराब नहीं होता है। कब्ज, एसीडिटी जैसी समस्याओं से हमेशा के लिर्ए छुटकारा मिल जाता है।

अमृत समान होता है दो गिलास पानी

ताम्र पात्र में रखे पानी का आयुर्वेद में बड़ा महत्व बताया गया है। आयुर्वेदिक ग्रंथों में तांबे के बर्तन में रखे जल को गंगाजल का सा माना गया है। चिकित्सकीय दृष्टि से तो इसे गंगा जल से भी अधिक कारगर कहा गया है। सुबह उठते ही यह पानी पीने की सलाह दी गई है। आयुर्वेद के अनुसार सुबह यह पानी पीने से शौच खुलकर होता है, कब्ज की शिकायत खत्म हो जाती है। इसके लिए तरीका भी बताया गया है। तांबे के बर्तन में रात को पानी रख दें और सुबह उठकर बिना कुल्ला किए यह पानी पी लें। करीब दो गिलास पानी पीना उत्तम कहा गया है।

बढ़ती है नेत्र ज्योति

सुबह उठकर तांबे के बर्तन में रखा दो गिलास पानी लगातार पीने से कुछ दिनों बाद इसका प्रभाव समझ में आने लगेगा। निरंतर ऐसा करने से आप कई रोगो से बचे रहेंगे। यही नहीं यह पानी नेत्र ज्योति बढ़ाने में भी सहायक रहता है। इस पानी से नेत्र धोने से नेत्र ज्योति बढ़ती है, आंखों की कई तकलीफें खत्म हो जाती हैं।

यह भी पढ़े :
अपने विवाह के सपने को सपने भारत मैट्रीमोनी से साकार करे।- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन करे!
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???