Patrika Hindi News
UP Election 2017

अधूरा निर्माण बन रही बिल्डिरों की पहचान, धोनी और अखिलेश भी हुए शिकार

Updated: IST amrapali sapphire dhoni
सीएम अखिलेश यादव और महेंद्र सिंह धोनी से लोगों की खासा नाराज़गी दिख रही है।

लखनऊ.भारतीय क्रिकेट कप्तान महेंद्र सिंह धोनी से लोगों की खासा नाराजगी दिख रही है। दरअसल धोनी रियल एस्टेट कंपनी आम्रपाली के ब्रांड एंबेसडर है। जिसके चलते उन्हें यह झेलना पढ़ रहा है। आम्रपाली ग्रुप से नाखुश आवंटी ट्विटर पर #amrapalimisusedhoni अपनी नाराजगियां जाहिर कर रहे है। लोगों का कहना है कि या तो धोनी उनको फ्लैट दिलाएं या कंपनी से नाता तोड़ दें। सीएम अखिलेश यादव और नोएडा प्राधिकरण के टैग भी इसे अछूते नहीं है।

आवंटी सीएम साहब से भी गुहार लगा रहे है। आवंटियों का आरोप है कि बिल्डर अपने वादे पूरे नहीं कर रहा है। लोगों अधूरे निर्माण के साथ फ्लैट सौंपे गए है।

क्या कहते है जिम्मेदार

आम्रपाली सफायर नोएडा के खरीदारों द्वारा शुरू की गई है। शटैग की मुहीम से कई लोग भी जुड़ गए हैं। कंपनी की ओर से मंदी के चलते देरी होने की बात कही जा रही है। उनकी तरफ से कहा गया है कि काम में तेजी लाते हुए कोशिश रहेगी कि 90 दिन में शिकायतें दूर हो।

आम्रपाली आवंटियों की नाराजगी अधिकतर नोएडा एनसीआर क्षेत्र में है। लखनऊ में भी आम्रपाली ग्रुप की फैज़ाबाद रोड पर हाउसिंग है जो 2009 में पूरी हो चुकी है। उसमें रह रहे अभिजीत ने बताया कि शुरुआती दौड़ में यहां भी फ्लैट्स में कुछ समस्यां थी। पर कुछ समय के बाद उसे दूर कर दिया गया था।

राजधानी की बात करें तो अभी भी शहर में ऐसी कई हाउसिंग स्कीम है, जहां मूल भूत सुविधाएं प्राधिकरण और बिल्डर देने में सफल नहीं हुए है। रह रह कर इनका गुस्सा भी फूटा है। बहरहाल प्राधिकरण का दावा है कि लखनऊवासियों को आगे ऐसी समस्याएं न आये इसके लिए बिल्डिरों पर नकेल कसी जा रही है।

धोनी उन लोगों के निशाने पर आ गए हैं जिन्हें आम्रपाली वादे के मुताबिक घर नहीं दे पा रही। सोशल मीडिया पर भारी आलोचना के बाद एक प्रेस कांफ्रेंस में धौनी ने कहा कि वे कंपनी से बात करेंगे। मगर यह यक्षप्रश्न अभी कायम है कि क्या वह बेघरों को शीघ्र घर दिला सकेंगे? परियोजनाओं में देरी, बिजली-पानी व अन्य सुविधाएं न मिलने से खफा फ्लैट मालिकों ने ‘आम्रपालीमिसयूजधोनी’ और ‘घरदिलाओधोनी’ नाम से हैशटैग चलाया। इसमें धोनी को भी टैग कर कहा गया कि या तो वे कंपनी से नाता तोड़ें या उसे वादे पूरे करने को मजबूर करें।

यह भी पढ़े :
विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं ?भारत मैट्रीमोनी में निःशुल्क रजिस्टर करें !
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???