Patrika Hindi News

डोडाचूरा व अफीम तस्करी के तीन आरोपियों को सजा

Updated: IST ratlam
तिरिक्त विशेष न्यायाधीश एनडीपीसी एक्ट के माया विश्वलाल के न्यायालय ने मामने की सुनवाई करते हुए तीन आरोपियों को अलग-अलग धाराओं में अर्थदंड के साथ ही सश्रम कारावास की सजा सुनाते हुए दंडित किया है।

रतलाम/जावरा. औद्योगिक थाना क्षेत्र अंतर्गत गांव उमटपालिया में प्राथमिक स्कूल के समीप पुलिस ने डोडाचूरा व अफीम की तस्करी व ट्रैक्टर से परिवहन करते हुए तीन आरोपियों को पकड़ा था। तीनों आरोपियों की जमानत नहंी हुई। आरोपियेंा की जमानत को लेकर हाईकोर्ट में अपील की गई थी। वहंा से जमानत अर्जी खारिज कर न्यायालय को मामले में शीघ्र निराकरण के लिए आदेशित किया था। इस पर उक्त मामले में शहर में लगने वाले अतिरिक्त विशेष न्यायाधीश एनडीपीसी एक्ट के माया विश्वलाल के न्यायालय ने मामने की सुनवाई करते हुए तीन आरोपियों को अलग-अलग धाराओं में अर्थदंड के साथ ही सश्रम कारावास की सजा सुनाते हुए दंडित किया है।

अपर लोक अभियोजक समरथ साहू ने बताया कि 19- अक्टूबर-2013 को उमटपालिया में स्कूल के पास ट्रैक्टर-ट्रॉली में अवैध रुप से 16 क्विटंल 23 किलो 300 ग्राम डोडाचूरा और 9 किलो 600 ग्राम अफीम की तस्करी करते हुए कासम पिता हकीम खां, परवेश पिता साबिर खां निवासी उमटपालिया और हसनपालिया निवासी गणेश पिता देवा को पकड़ा था। मामले में 15-अप्रैल-2014 को चालान पेश हुआ। तस्करी के तीनों आरोपियों की जमानत नहीं हुई थी। आरोपियों ने जमानत के लिए हाईकोर्ट में अपील की थी जो खारिज हो गई थी और हाईकोर्ट ने न्यायालय को मामले में जल्द निराकरण के लिए निर्देशित किया था। इस पर मामले में सुनवाई तेजी से की। इसमें अतिरिक्त विशेष न्यायालय में आए साक्ष्य के आधार पर तस्करी के तीनों आरोपियंो को दोषी पाया गया। इसमें कासम को 8/18 बी में 10 साल की सजा और 1 लाख रुपए के अर्थदंड की सजा तो 8/15 सी, 29 में 15 साल की सजा और डेढ़ लाख रुपए की अर्थदंड की सजा से दंडित किया है। इसके साथ ही गणेश और परवेश को 8/15 सी,29 में 15-15 साल की सजा तथा डेढ़-डेढ़ लाख रुपए की अर्थदंड की सजा से दंडित किया है। आरोपियों द्वारा अर्थदंड नहीं देने पर 2-2 साल के अतिरिक्त कारावास की सजा से दंडित किया है।
.........

यह भी पढ़े :
विवाह प्रस्ताव की तलाश कर रहे हैं? निःशुल्क रजिस्टर करें ! - BharatMatrimony
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???