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वीआईपी गाडिय़ों से लालबत्ती गायब

Updated: IST surat
भारत सरकार के फैसले का सम्मान करते हुए संघ प्रदेश के प्रशासक प्रफुल्ल पटेल समेत अन्य आला

सिलवासा।भारत सरकार के फैसले का सम्मान करते हुए संघ प्रदेश के प्रशासक प्रफुल्ल पटेल समेत अन्य आला अधिकारियों ने अपनी सरकारी गाडिय़ों से गुरुवार को लालबत्ती हटा दी है। सरकारी वाहनों से लालबत्ती हटाने वाले अधिकारियों में प्रशासक पटेल के अलावा सलाहकार एसएस यादव, वरिष्ठ आईएएस जेबी सिंह, विकास आयुक्त उमेश त्यागी, कलक्टर गौरवसिंह राजावत आदि शामिल हैं। इन सभी अधिकारियों ने गुरुवार को सचिवालय पहुंचते ही पहले गाडिय़ों से लालबत्ती हटाई। इस मौके पर प्रशासक पटेल ने बताया कि भारत सरकार के फैसले का सम्मान करते हैं।

हकीकत में सरकारी नौकरशाह जनता के सेवक हैं। लोकतंत्र में सरकारी मशीनरी जनता के साथ मिलकर देश के विकास में कार्य करती है। गुरुवार को दादरा नगर हवेली एवं दमण-दीव दोनों संघ प्रदेश के कई अधिकारियों ने अपने सरकारी वाहनों से लालबत्तियां हटाई हैं।

मंत्री नानू वानाणी ने हटाई लाल बत्ती

सूरत. मंत्रियों को वीआईपी कल्चर से दूर रहने की प्रधानमंत्री की घोषणा का असर सूरत में भी हुआ। मुख्यमंत्री विजय रूपाणी के वलसाड के धरमपुर में अपने हाथों से लाल बत्ती हटाने के बाद उनके मंत्रीमंडल के सदस्यों ने भी अपने सरकारी वाहन से लाल बत्ती हटानी शुरू कर दी। गुरुवार सुबह राज्य मंत्री नानू वानाणी ने लाल बत्ती का मोह छोड़ दिया। मंत्रियों और अधिकारियों के रौब का प्रतीक लाल बत्ती पर पीएम नरेन्द्र मोदी के विचार से मंत्रियों ने अपने वाहनों से लाल बत्ती त्यागना शुरू कर दिया है। गुरुवार सुबह जलसम्पत्ति एवं शिक्षण राज्य मंत्री नानू वानाणी ने अपनी गाड़ी से लाल बत्ती हटवा दी। इसके बाद संसदीय सचिव पूर्णेश मोदी ने भी अपने वाहन से लाल बत्ती को विदा किया। सूरत में इन दोनों के अलावा विधानसभा में दंडक अजय चौकसी की गाड़ी पर लाल बत्ती है।

सहकारिता राज्यमंत्री ने उतारी लालबत्ती

भरुच. वीआईपी गाडिय़ों से लालबत्ती हटाने का केन्द्र सरकार के निर्णय का लोगों ने स्वागत किया है। सरकार के फैसले का सम्मान करते हुए अंकलेश्वर विधायक एवं सहकारिता राज्यमंत्री ईश्वर पटेल ने भी गुरुवार को अपनी गाड़ी पर लगी लालबत्ती हटा दी।

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