Patrika Hindi News

एमबीबीएस की छात्रा ने हॉस्टल में फांसी लगाई

Updated: IST surat
न्यू सिविल अस्पताल संलग्न सूरत मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस के प्रथम वर्ष में पढऩे वाली वडोदरा निवासी

सूरत।न्यू सिविल अस्पताल संलग्न सूरत मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस के प्रथम वर्ष में पढऩे वाली वडोदरा निवासी छात्रा ने अज्ञात कारणों से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। अन्य छात्रों की सूचना पर खटोदरा पुलिस पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए पोस्टमार्टम रूम ले आई। छात्रा की डायरी पुलिस ने बरामद की है, लेकिन अभी तक आत्महत्या के कारणों का खुलासा नहीं हुआ है।

न्यू सिविल अस्पताल और खटोदरा पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार वडोदरा के छाणी जकात नाका मीरा सोसायटी निवासी ध्रुवी संजय चौहाण (19) सूरत मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस के प्रथम वर्ष में पढ़ाई कर रही थी। ध्रुवी ने सोमवार को न्यू सिविल अस्पताल परिसर स्थित न्यू गल्र्स होस्टल दो में कमरा नम्बर 43 में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। ध्रुवी की सहेली दोपहर ढाई बजे तलाशते हुए उसके कमरे तक पहुंची। दरवाजा खटखटाने पर भी अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। सहेली ने दरवाजे को जोर से धक्का दिया तो दरवाजे की एक छोटी प्लाई निकल गई जिसमें से कमरे के अंदर ध्रुवी फांसी लगी हालत में दिखाई दी।

वह मोपेड लेकर ट्रोमा सेंटर में मेडिकल ऑफिसर के पास पहुंची और घटना की जानकारी दी। इसके बाद खटोदरा पुलिस के जवान मौके पर पहुंचे और दरवाजा तोड़कर शव कब्जे में लिया और शव को पोस्टमार्टम रूम लाई। कॉलेज प्रशासन ने घटना की जानकारी ध्रुवी के माता-पिता को दी। इसके बाद सूरत में रहने वाले एक चाचा उसकी खबर लेने कॉलेज पहुंच गए, जबकि माता-पिता और अन्य परिवार के लोग वडोदरा से शाम को सूरत पहुंचे। आत्महत्या के कारणों को लेकर अभी रहस्य बना हुआ है। पुलिस ने प्राथमिक जांच में परीक्षा की टेंशन में आत्महत्या करने की आशंका जताई है। पुलिस जांच के बाद ही आत्महत्या के कारणों के बारे में कुछ बता सकेगी।

जांच के बाद सच्चाई आएगी सामने

& एमबीबीएस के छात्रों को दाखिले के तुरंत बाद ओरिटेन्टेशन प्रोग्राम आयोजित किया जाता है। इसके अलावा मनोरोग विभाग में भी सेमिनार का आयोजन किया जाता है। बुकलेट में सभी कॉलेज प्रशासन व महत्वपूर्ण नम्बर होते हैं जो छात्रों को दिए जाते हैं। ध्रुवी के आत्महत्या के मामले में कारणों की जांच खटोदरा पुलिस कर रही है। ध्रुवी की डायरी पुलिस ने बरामद की है। परिजनों से बातचीत के बाद अधिक जानकारी मिलेगी।डॉ. जयेश ब्रह्मभट्ट, डीन, सूरत मेडिकल कॉलेज।

होस्टल में त्रिस्तरीय व्यवस्था

न्यू सिविल अस्पताल परिसर के होस्टल में रहने वाले छात्रों के लिए सूरत मेडिकल कॉलेज में त्रिस्तरीय व्यवस्था है। हॉस्टल अधीक्षक को हॉस्टल में रहने वाले सभी छात्रों की जिम्मेदारी दी गई है। दूसरे नम्बर पर असिस्टेंट वार्डन की जिम्मेदारी होती है। जबकि तीसरे नम्बर पर गल्र्स रैक्टर की नियुक्ति होती है। रैक्टर छात्रों से नियमित मुलाकात करके उनकी समस्याओं को जानने की कोशिश करते हैं। रैक्टर की हॉस्टल में अभिभावक की भूमिका होती है। छात्रों को हर प्रकार से मदद करने की जिम्मेदारी इन तीनों जनों की होती है। डीन डॉ. जयेश ब्रह्मभट्ट ने बताया कि कुछ दिनों से रैक्टर छुट्टी पर थी।

पढऩे में थी होशियार

न्यू गल्र्स होस्टल में सोमवार दोपहर को ध्रुवी के आत्महत्या की खबर कुछ देर में ही कॉलेज के अन्य होस्टल में पहुंच गए। छात्र बड़ी संख्या में होस्टल के बाहर तथा पोस्टमार्टम रूम के बाहर जमा हो गए। छात्रों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी। उनमें से ही कुछ छात्रों ने बातचीत में बताया कि ध्रुवी पढऩे में होशियार थी। सूरत मेडिकल कॉलेज डीन ने बताया कि ध्रुवी ने 12वीं बोर्ड तथा गुजकेट के परिणाम के बाद जारी मेरीट लिस्ट में 92.98 फिसदी अंक प्राप्त किए थे।

अपने विवाह के सपने को भारत मैट्रीमोनी पर साकार करे।- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन करे!
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???