Patrika Hindi News
Bhoot desktop

नम आंखों से खिलाड़ियों ने दी काशी की अंतर्राष्ट्रीय फुटबालर बेटी को अंतिम विदायी

Updated: IST UP captain Poonam Chauhan
अंतरराष्ट्रीय फुटबालर पूनम की डेंगू से हुई थी मौत, शोक में खेल गतिविधियां रहीं बंद.

वाराणसी. काशी के लिए बुधवार की सुबह काफी गमगीन रही। लोग गमज़दा थे और आंखें बोझिल थीं। लोग खोज रहे थे उस हंसते खिलखिलाते चेहरे को। अपनी प्यारी खिलाड़ी पूनम को, अंतर्राष्ट्रीय फुटबालर पूनम को जो डेंगू के डंक के चलते जिंदगी की जंग हार गई थी मंगलवार की रात। अपनी इस प्रिय खिलाड़ी के असमय हुई मौत के सदमें में बुधवार को शहर के सभी खेल मैदान पर खेल नहीं हुए। खेल गतिविधियां शांत रहीं। शोक संतप्त खिलाड़ियों ने पूनम को अंतिम विदायी दी। मणिकर्णिका घाट पर अंत्येष्ठी हुई। तिरंगे में लिपटी पूनम के अंतिम दर्शन को हर खिलाड़ी महाश्मशान पर मौजूद रहा और जैसे ही चिता में आग लगी सभी की आंखें छलछला उठीं।

poonam

अंतिम दर्शन को शिवपुर मिनी स्टेडियम में रखा शव

शिवपुर निवासी पूनम चौहान का शव सुबह शिवपुर मिनी स्टेडियम में रखा गया। वहां फुटबालर, हाकी खिलाड़ियों ने अपनी प्रिय अंतर्राष्ट्रीय फुटबालर को श्रद्धा सुमन अर्पित किए। इस मौके पर वरुणापार इलाके के हर खेल से जुड़े खिलाड़ी मौजूद रहे। करीब नौ बजे मिनी स्टेडियम से ही पूनम की शवयात्रा निकली। शवयात्रा में खिलाड़ी तो थे। खेल प्रेमी भी थे। खेल अधिकारी भी नजर आए। लेकिन राजनीतिक व्यक्तित्व एक नजर नहीं आया। न नजर आया कोई प्रशासनिक अफसर।

बंद रहीं खेल गतिविधियां

अंतर्राष्ट्रीय फुटबालर पूनम चौहान के निधन के शोक में बुधवार को शहर में खेल गतिविधियां बंद रहीं। सिगरा स्थित डॉ. संपूर्णानंद स्पोर्ट्स स्टेडियम, शिवपुर मिनी स्टेडियम, यूपी कॉलेज हर जगह खिलाड़ी तो आए पर खेल नहीं हुआ। खिलाड़ी रुंआसे मन से काशी की लाड़ली बिटिया के निधन पर शोक जताते रहे। उसकी हंसी, उसके खेल कौशल, उसकी बेचारगी की चर्चाएं होती रहीं पर किसी ने न बल्ला पकड़ा न हाकी स्टिक। फुटबाल ग्राउंड भी ऐसा वीरान सा लग रहा था मानों वह भी अपनी लाड़ली के चहकते बूटों की थाप को खोज रहा हो।

poonam

मणिकर्णिका घाट पर हुई अंत्येष्ठी

मणिकर्णिका घाट पर पूनम की अंत्येष्ठी हुई। इस मौके पर भी प्रशासन की ओर से महज रश्म अदायगी की गई। इलाकाई एसीएम और चौक थाने के एसओ अनूप श्रीवास्तव मौजूद रहे। उधर अंतर्राष्ट्रीय फुटबालर मुश्ताक अली, राष्ट्रीय फुटबालर मनमीत सिंह, राकेश जोशी, सत्येंद्र सिंह, क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी डॉ. भगवान राय, बीएचयू स्पोर्ट्स बोर्ड के सचिव प्रो. बीसी कापड़ी, यूपी कॉलेज के साई कोच दिनेश जायसवाल, फुटबाल कोच और खिलाड़ी फरमान हैदर, शिमला स्पोर्टिंग क्लब के अध्यक्ष नरेंद्र श्रीवास्तव के अलावा वरुणापार इलाके के खिलाड़ियों का हुजूम महाश्मशान पर जमा रहा। सभी की आंखें नम थीं और जैसे ही चिता में आग लगी कई खिलाड़ियों की आंखें छलछला उठीं। पूनम के पिता जिला स्तरीय फुटबालर मुन्ना चौहान, भाई राष्ट्रीय हाकी खिलाड़ी प्रशांत चौहान एवं राष्ट्रीय फुटबालर कृष्णा चौहान के आंसू रोके नहीं रुक रहे थे।

नेताओं के नाम पर पहुंचे गिनेचुने कांग्रेसी

पूनम को अंतिम विदायी देने के लिए पहुंचे शिवपुर निवासी और पूर्व पार्षद डॉ. जितेंद्र सेठ, महानगर कांग्रेस के उपाध्यक्ष शैलेंद्र सिंह, दुर्गा प्रसाद गुप्ता, प्रमोद श्रीवास्तव, राकेश श्रीवास्तव, मंगलेश सिंह।

यह भी पढ़े :
अपने विवाह के सपने को भारत मैट्रीमोनी पर साकार करे।- निःशुल्क रजिस्ट्रेशन करे!
LIVE CRICKET SCORE
Patrika.com

लेटेस्ट ख़बरें ई-मेल पर पाने के लिए सब्सक्राइब करें

Dus ka Dum
Ad Block is Banned Click here to refresh the page

???? ??????? ?? ??? ???? ????? ???