इस्लामिक आतंकियों के हमले में 12 लोगों की मौत, 28 घायल

इस्लामिक आतंकियों के हमले में 12 लोगों की मौत, 28 घायल

Siddharth Priyadarshi | Updated: 12 Jan 2019, 12:28:33 PM (IST) अफ्रीका

इस्लामिक हिंसा से जूझ रहे बर्किना फासो के उत्तर में एक जिहादी हमले के दौरान गुरुवार को 12 नागरिकों की हत्या कर दी गई

ऊगादोगो। बर्किना फासो में बंदूकधारियों के हमले में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई है। उत्तरी बर्किना फासो में हुए इस हमले में कम से कम 28 लोग घायल बताए जा रहे हैं। इस जिहादी हमले में 12 नागरिकों की मौत हो गई है। अधिकारियों ने शुक्रवार को बताया कि इस्लामिक हिंसा से जूझ रहे बर्किना फासो के उत्तर में एक जिहादी हमले के दौरान गुरुवार को 12 नागरिकों की हत्या कर दी गई थी। पश्चिम अफ्रीकी देश में पिछले साल के अंत में कई प्रांतों में आपातकाल की स्थिति घोषित कर दी थी। गुरुवार को हमले कि बाद सेना प्रमुख ने अपनी पोजीशन संभाल ली क्योंकि ताजा हमलों के देश में सेना और उपद्रवियों के बीच संघर्ष भड़कने का अंदेशा जताया जा रहा है।

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12 लोगों की मौत

ताजा हिंसा में बंदूकधारियों ने एक ग्रामीण बाजार पर दिन के उजाले में हमला किया। रक्षा मंत्रालय ने शुक्रवार देर रात जारी एक बयान में कहा कि लगभग 30 सशस्त्र व्यक्तियों ने गांव में घुसकर अंधाधुंध गोलियां चलाई। सेना ने कहा कि गस्सेलिकी गांव में आतंकवादी हमले में 12 मृतकों की सूचना है जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। एक खलिहान, एक गाड़ी और छह दुकानों में आग लगा दी गई।समाचार एजेंसी एएफपी ने बताया है कि हमलावरों ने साप्ताहिक बाजार के लिए इकट्ठा हुए लोगों पर फायरिंग कर दी और आसपास स्थित दुकानों में जमकर तोड़फोड़ की। बता दें कि जिहादी हमले 2015 में उत्तरी बर्किना फासो में शुरू हुए, लेकिन फिर पूर्व दिशा में टोगो और बेनिन के साथ सीमा के पास फैल गए। बुर्किना फासो में ज्यादातर हमलों का श्रेय खुद जिहादी समूह अंसारुल इस्लाम को दिया जाता है, जो दिसंबर 2016 में माली सीमा के पास और जेएनआईएम (इस्लाम और मुसलमानों का समर्थन करने वाला समूह) कि रूप में उभरा है। इस संगठन की निष्ठा अल-कायदा के प्रति है।

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बर्किना फासो में फैल रहे हैं आतंकी

बर्किना फासो में ज्यादातर हमलों का श्रेय लेने वाले जिहादी समूह अंसारुल इस्लाम नामक संगठन माली में हुई हिंसा के बाद उभरा। माली में कट्टरपंथी इस्लामवादियों ने फ्रांसीसी सैनिकों द्वारा निकाले जाने से पहले 2012 में प्रमुख सहारा शहरों को जब्त कर लिया था। सुरक्षा स्रोतों के अनुसार इस इलाके में अब भी सैकड़ों की संख्या में लड़ाके अब भी मौजूद हैं। माना जाता है कि समूह 2015 से 270 से अधिक मौतों के लिए जिम्मेदार हैं। जिहादी धीरे-धीरे अब बर्किना फासो के पूरे इलाके को अपनी पकड़ में लेते जा रहे हैं। जिहादी मुख्य रूप से सुरक्षा बलों को निशाना बनाते हैं, लेकिन सरकारी अधिकारियों और स्थानीय प्रमुखों पर भी हमला करते हैं। सेना प्रमुख मेजर जनरल ओउमारू सादो को गुरुवार को राष्ट्रपति जनरल मोइज़ मिनंगौ द्वारा सार्वजनिक टेलीविजन पर पढ़े गए फरमान के अनुसार बदल दिया गया।

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