3 मार्च, 2019 का पंचांगः जानिए मुहूर्त, राहु काल, अमृत काल, भद्रा का समय, दिशा शूल में यात्रा करने का उपाय

"अवसर" और "सूर्योदय" में एक ही समानता है, देर करने वाले, इन्हें हमेशा खो देते हैं।

By: अमित शर्मा

Published: 03 Mar 2019, 07:16 AM IST

रविवार, 03 मार्च 2019
तिथि :द्वादशी (१३:४५ तक)
तत्पश्चात् :त्रयोदशी
पर्व/व्रत :सूर्यदेव/प्रदोष व्रत
उपासना
पक्ष :कृष्ण पक्ष
मास :फाल्गुन
सूर्योदय :०६:४४
सूर्यास्त :१८:१६
चन्द्रोदय :२९:१९+
दिनमान :११घं ३१मि २२से
मध्याह्न :१२:३०
रात्रिमान :१२घं २७मि ३७से
विक्रम संवत् :२०७५ विरोधकृत
शक संवत् :१९४० विलम्बी
कलि संवत् :५१२०
सूर्य राशि :कुम्भ
चन्द्र राशि :मकर
सूर्य नक्षत्र :शतभिषा
नक्षत्र पद :च४-उत्तराषाढ़ा ०९:०१ तक
तत्पश्चात् च१-श्रवण १५:४८ तक
च२-श्रवण २२:३६
च३-श्रवण २९:२३+ तक
अमृत काल :२४:२४ से २६:१३+ तक
अभिजित मुहूर्त :१२:०७ से १२:५३
विजय मुहूर्त :१४:२५ से १५:११
गोधूलि मुहूर्त :१८:०४ से १८:२८
ब्रह्म मुहूर्त :२९:०४ से २९:५४
त्रिपुष्कर योग :०६:४४ से ०९:०१+
सर्वार्थ सिद्धयोग :०६:४४ से ०९:०१
दिशाशूल :पश्चिम
राहुकाल :१६:४९ से १८:१६ तक
(आगरा)
(स्थानानुसार ०५-२० मिनट सम्भव

दिशाशूल में यात्रा करने का उपाय

यदि यात्रा करना अति महत्वपूर्ण हो तो एक दिन पहले अक्षत, हल्दी, एक सिक्का (मुद्रा) को पुड़िया में रख लें, इसके साथ यात्रा करने वाले लोगों का कोई भी वस्त्र किसी ऐसे स्थान पर रखवा दिए जाएं जहाँ से घर से निकलते समय में लिया जा सके। यात्रा पूरी होने पर उक्त अक्षत, हल्दी और मुद्रा को किसी नदी, देवस्थान या तालाब में छोड़ देना चाहिए।


विशेष

विजया एकादशी व्रत पारण समय ०३ मार्च रविवार को ०६:४४ से ०९:०३ तक

अमृत वचन
"अवसर" और "सूर्योदय" में एक ही समानता है, देर करने वाले, इन्हें हमेशा खो देते हैं।

प्रस्तुतिः पं. वेद प्रकाश शुक्ल, आगरा

मोबाइलः 9412064625

 

Show More
अमित शर्मा
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned