छह हजार रुपए सालाना सहायता राशि के बाद सरकार ने दी किसानों को एक और बड़ी खुशखबरी, अब ऐसा गेहूं भी खरीदेंगे केंद्र

गीला, गंदा और काला गेहूं हो तो भी नहीं लौटेंगे किसान, लेबी संचालकों को जारी किए गए नियम, किसानों को मिलेगी राहत

By:

Updated: 10 Mar 2019, 10:41 AM IST

आगरा। किसानों को छह हजार रुपए सालाना सहायता राशि देने के बाद अब मोदी सरकार ने किसानों के लिए जोरदार ऐलान किया है। इस बार बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं की मार से किसान की फसल को नुकसान हुआ है। इस नुकसान की भरपाई को पूरा करने के लिए गेहूं खरीद केंद्र पर निर्देश दिए गए हैं कि किसान का गीला, काला और गंदा गेहूं खरीदा जाएगा। किसान किसी भी कीमत पर वापस नहीं लौटना चाहिए। किसानों के लिए इस ऐलान के बाद गेहूं को बेचने में किसानों को भारी राहत मिलेगी।

जमकर हुई बारिश ने खराब किया दाना
गेहूं खरीद की नीति में किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए कई अहम फैसले सरकार ने लिए हैं। किसी किसान का लाया गेहूं गीला या गंदा है तो खरीद प्रभारी उसे वापस नहीं करेगा। बल्कि गेहूं को सुखाने और गंदगी को साफ करने के लिए केंद्र के आसपास जगह देने के साथ साथ पर्याप्त समय देगा। इसके अलावामहिला किसानों को प्रोत्साहन के लिए खरीद केंद्रों पर महिला किसानों को वरीयता देते हुए बगैर नम्बर के गेहूं की खरीद होगी। पशुओं के लिए खरीद केंद्र पर पानी और नाद की व्यवस्था के साथ ही बैलगाड़ी व अन्य वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित करवाई जाएगी।

किए गए कई संशोधन
राज्य सरकार ने रबी फसल वर्ष 2019—20 में गेहूं की खरीद में कई संशोधन किए हैं। ताकि किसानों को फायदा मिल सके। अबकी गेहूं खरीद केंद्र सुबह नौ बजे से सायं छह बजे तक खुल सकेंगे। जिला कृषि अधिकारी रामप्रवेश यादव ने बताया कि किसानों के गेहूं खरीद के लिए सरकार ने कई संशोधन किए है।। अगर किसी कारण गेहूं रिजेक्ट किया जाता है तो रजिस्टर पर बिक्रेता का नाम, पूरा पता, मोबाइल नंबर, गेहूं की मात्रा और रिजेक्ट करने का कारण दर्ज कराना होगा। गेहूं खरीद केंद्र पर इलेक्ट्रॉनिक कांटा होगा और इसका सत्यापन 25 मार्च से पहले हर हाल में कराना होगा।

ऐसे होगी किसानों से गेहूं की खरीद
खरीद केंद्र पर किसानों से गेहूं की खरीद खाता नंबर अंकित कंप्यूटर खतौनी, फोटोयुक्त पहचान पत्र, चकबंदी के दस्तावेज या फिर आधार कार्ड पर की जाएगी। किसान या उसके परिवार का मोबाइल नंबर जरूर दर्ज किया जाएगा।

ऐसे होगा भुगतान
इस बार सभी क्रय ऐजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि गेहूं के मूल्य का भुगतान आरटीजीएस के माध्यम से किसानों के बैंक खाते में सीधे गेहूं खरीद के 72 घ।अे के अंदर किया जाए। क्रय केंद्र प्रभारी का नाम, मोबाइल नंबर, टोल फ्री नंबर सभी खरीद केंद्र पर दर्ज होना अनिवार्य हैं।

 

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned