आगरा। व्यंग्य आज तेजी से सामाजिक विडंबनाओं पर प्रहार कर रहा हैं। व्यंग्य समाचारपत्रों में पहले फिलर के तौर पर उपयोग में ले लिया जाता था, लेकिन अब पत्र-पत्रिकाओं में उसे स्थान दिया जाने लगा है।व्यंग्य की कई पत्रिकाएं निकलने लगी है, जिसमें व्यंग्य यात्रा, अट्टहास, हेलो इंडिया आदि प्रमुख हैं। राष्ट्रीय पुस्तक न्यास, भारत ने भी हास्य व्यंग्य की पुस्तकों का प्रकाशन किया है,जिसमें हरिशंकर परसाई, ज्ञान चतुर्वेदी, हरीश नवल, प्रेम जनमेजय, सुभाष चंदर, डॉ. अनुज त्यागी की व्यंग्य पुस्तकों का प्रकाशन किया है। व्यंग्य पाठ की धूम आगरा पुस्तक मेले में नजर आई। आगरा और दिल्ली से आए तेजतर्रार व्यंग्यकारों ने अपनी चटपटी रचनाओं से श्रोताओं के मन में गुदगुदी पैदा कर दी। आलोक पुराणिक, श्रीकृष्ण, अंशु प्रधान, कुंवर अनुराग, डॉ. अनुज त्यागी, नीरज जैन, लालित्य ललित ने अपनी बेहतरीन रचनाओं का पाठ करते रहे और श्रोता आनंदित होते रहे।

Ad Block is Banned