वक्फ विकास निगम के निदेशक ने ताजमहल, किला, सीकरी पर किया दावा, देखें वीडियो

वक्फ विकास निगम के निदेशक ने ताजमहल, किला, सीकरी पर किया दावा, देखें वीडियो

Bhanu Pratap Singh | Publish: Sep, 10 2018 04:52:44 PM (IST) Agra, Uttar Pradesh, India

-इन स्मारकों से होने वाली आय में से हिस्सा मांगा

-सीकरी दरगाह वक्फ संपत्ति लेकिन हो रहा गोलमाल

-यूपी में सवा लाख संपत्तियां, मुस्लिमों का कल्याण करेंगे

आगरा। उत्तर प्रदेश वक्फ विकास निगम लि. के निदेशक गुलाम मोहम्मद का कहना है कि रक्षा मंत्रालय और रेलवे के बाद सर्वाधिक भूमि वक्फ निगम के पास है। यूपी में वक्फ की सवा लाख संपत्तियां हैं। इस भूमि पर मुस्लिमों के लिए कॉलेज, सामुदायिक केन्द्र, मार्केट बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ताजमहल, आगरा किला, फतेहपुर सीकरी, सिकंदरा आदि स्मारकों से होने वाली आय का एक हिस्सा वक्फ को मिलना चाहिए। फतेहपुर सीकरी दरगाह वक्फ संपत्ति है, लेकिन वहां गोलमाल किया जा रहा है। यह भी कहा कि वक्फ बोर्ड भ्रष्टाचार का अड्डा बना हुआ है। वे वक्फ विकास निगम के माध्यम से मुस्लिमों का कल्याण करेंगे। यही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सोच है। यहां प्रस्तुत है गुलाम मोहम्मद की पत्रिका से हुई बातचीत।

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पत्रिकाः वक्फ विकास निगम क्या है और क्या काम करता है?

गुलाम मोहम्मदः वक्फ विकास निगम, वक्फ की भूमि को विकसित करने का काम करता है। वक्फ की भूमि पर बालिका विद्यालय, मुसाफिर खाना सामुदायिक केन्द्र, आईटीआई, मार्केट बनाकर भूमि का विकास करना। इससे वक्फ विकास निगम को आय होती है।

 

पत्रिकाः उत्तर प्रदेश में वक्फ की कितनी परिसंपत्तियां हैं?

गुलाम मोहम्मदः यूपी में एक लाख 25 हजार वक्फ संपत्तियां हैं।

पत्रिकाः इनका प्रबंधन कौन करता है?

गुलाम मोहम्मदः क्षेत्रीय स्तर पर इंतजामिया कमेटी बनी होती है। स्वयं को मुतवल्ली कहने वाले वक्फ संपत्ति की देखरेख करते हैं।

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पत्रिकाः नियमानुसार वक्फ संपत्तियों से कितनी आय होती है?

गुलाम मोहम्मदः जितनी आय होनी चाहिए, वह नहीं हो रही है। मुतवल्ली गोलमाल करके वक्फ की संपत्ति को खाए जा रहे हैं।

 

पत्रिकाः तो आप क्या इन मुतवल्लियों को हटाने जा रहे हैं?

गुलाम मोहम्मदः मैंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग की है कि एक बार उत्तर प्रदेश में वक्फ का सर्वे कराया जाए। जो भ्रष्ट लोग हैं, जिनके कारण वक्फ की आय नहीं हो रही, उनके खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई की जाए।

 

पत्रिकाः अब तक की जो स्थिति है, उसके अनुसार क्या वक्फ विकास निगम भ्रष्टाचार का अड्डा बना हुआ है?

गुलाम मोहम्मदः वक्फ विकास निगम नहीं, वक्फ बोर्ड भ्रष्टाचार का अड्डा बना हुआ है। वक्फ विकास निगम तो एक तरह से डवलपमेंट कमेटी है। वक्फ बोर्ड के चेयरमैन और स्थानीय इंतजामिया कमेटी के मुतवल्ली देखते हैं।

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पत्रिकाः वक्फ बोर्ड और वक्फ विकास निगम में क्या अंतर है?

गुलाम मोहम्मदः वक्फ बोर्ड वक्फ की जमीनों का संरक्षक है और वक्फ विकास निगम वक्फ की जमीनों का विकास करता है।

 

पत्रिकाः क्या यूपी में अभी तक वक्फ की संपत्ति का विकास हुआ है?

गुलाम मोहम्मदः जी हां, संभल, मुजफ्फरनगर आदि जिलों में हुआ है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में हुआ है। अभी पश्चिमी उत्तर प्रदेश में और आगरा में कोई विकास नहीं हुआ है। मैंने वक्फ की जमीन देखने की कोशिश की है। वक्फ निरीक्षक से लेकर कलक्टर तक से बात की है। अभी कोई कार्य बन नहीं पा रहा है।

 

पत्रिकाः आगरा महत्वपूर्ण शहर है। आगरा में वक्फ की कौन-कौन सी संपत्तियां हैं?

गुलाम मोहम्मदः बाईपास भगवान टॉकीज, पंचकुइयां कब्रिस्तान और फतेहाबाद रोड पर काफी जमीन है। जामा मस्जिद समेत कई मस्जिदें वक्फ की संपत्ति हैं।

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पत्रिकाः जामा मस्जिद तो पूरी मार्केट में तब्दील है?

गुलाम मोहम्मदः जामा मस्जिद की दुकानें किराये पर उठी हुई हैं। उनकी आय वक्फ को नहीं मिल पा रही है। मैंने वक्फ के चेयरमैन से बात की है। उनसे कहा है कि ऐसा काम करो कि वक्फ के पैसे से मुस्लिमों, अल्पंख्यकों का भला हो। वक्फ की संपत्तियों पर डिग्री कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज बनें, बारातघर बनें ताकि वक्फ की इनकम बढ़े।

 

पत्रिकाः पूर्व मंत्री आजम खान ने ताजमहल को वक्फ संपत्ति घोषित कराने का प्रयास किया था?

गुलाम मोहम्मदः मुझे इतना कहना है कि ताजमहल से होने वाली आय का कुछ हिस्सा वक्फ को मिलना चाहिए। जब एडीए (आगरा विकास प्राधिकरण) को मिल रहा है, आर्कियोलोजी डिपार्टमेंट को मिल रहा है तो वक्फ को क्यों न मिले। ताजमहल वक्फ संपत्ति घोषित नहीं हो पाया, यह अलग बात है, लेकिन है तो हिन्दुस्तान की धरोहर।

 

पत्रिकाः क्या आप चाहते हैं कि उत्तर प्रदेश में जितने भी स्मारक हैं, उनसे होने वाली आय का कुछ हिस्सा वक्फ को मिले?

गुलाम मोहम्मदः जी हां, सबसे मिलना चाहिए। फतेहपुर सीकरी दरगाह वक्फ में आता है। उससे होने वाली आय वक्फ को मिलनी चाहिए। फतेहपुर सीकरी दरगाह भी भ्रष्टाचार का अड्डा है। एक ही आदमी मुतवल्ली बना हुआ है। मैंने हटाने की बात कही तो वक्फ के चेयरमैन ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में कुछ मामला है। मेरा कहना है कि नई कमेटी आएगी तो नया काम करेगी। चेयरमैन ने कहा है कि विचार करेंगे।

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पत्रिकाः फतेहपुर सीकरी दरगाह पर तो बहुत चढ़ावा आता है?

गुलाम मोहम्मदः चढ़ावा बहुत आता है और सब मिलकर गोलमाल कर रहे हैं।

 

पत्रिकाः आप उत्तर प्रदेश का दौरा कब से शुरू करने वाले हैं?

गुलाम मोहम्मदः यूपी में वक्फ विकास निगम के हम तीन निदेशक हैं। मैंने वक्फ के सचिव से कहा है कि तीनों निदेशकों में यूपी के जिले बांट दो। फिर हमारा दौरा लगाइए। हम जाकर देखते हैं कि किस जिले में क्या स्थिति है? मुख्यमंत्री ने सबसे ज्यादा पैसा अल्पसंख्यक कल्याण को दिया है। इस पैसे से हम मुस्लिमों का विकास करेंगे। यह हमारे मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री की सोच है।

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