IIT Gandhinagar भाई के बाद बहन ने भी आईआईटी गांधीनगर से की बीटेक, पाए दो गोल्ड मेडल

IIT Gandhinagar भाई के बाद बहन ने भी आईआईटी गांधीनगर से की बीटेक, पाए दो गोल्ड मेडल

nagendra singh rathore | Updated: 27 Jul 2019, 08:46:08 PM (IST) Ahmedabad, Ahmedabad, Gujarat, India

आईआईटी गांधीनगर

 

अहमदाबाद. आईआईटी गांधीनगर से अपने भाई अविनाश के वर्ष २०१४ में बीटेक करने के बाद बहन अपर्णा तुमकुर ने भी इस वर्ष गांधीनगर आईआईटी से बीटेक की डिग्री प्राप्त की है। अपर्णा ने बीटेक कोर्स में संस्थान का प्रेसिडेंट मेडल और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग ब्रांच में संस्थान का गोल्ड मेडल भी अपने नाम किया। साथ ही उन्होंने बेस्ट परफोर्मेंस इन कोर कोर्स मैथमेटिक्स एंड बेस्ट परफोर्मेंस इन कोर कोर्स ऑफ फिजिक्स, कैमिस्ट्री एंड लाइफ साइंस से जुड़ा अवार्ड व मेडल भी अपने नाम किए। अब वह भी अपने भाई की तरह अमेरिका जा रही हैं जहां पर वे स्टेनफोर्ड यूनिवर्सिटी से मास्टर की पढ़ाई करेंगी। इसके बाद पीएचडी कर रिसर्च एंड डेवलपमेंट में काम करने की तमन्ना है। वे कहती हैं कि मन लगाकर ईमानदारी से पढ़ाई करने पर सफलता जरूर मिलेगी।


मेहनत का कोई विकल्प नहीं: अनुषा

आईआईटी गांधीनगर से बीटेक करने के दौरान कैमिकल इंजीनियरिंग कोर्स में इंस्टीट्यूट का गोल्ड मैडल और बीटेक में डायरेक्टर का गोल्ड मैडल जीतने वाली अनुषा कामथ कहती हैं कि मेहनत का कोई विकल्प नहीं है। उन्होंने मेहनत की और सफलता पाई। शुरू से ही कैमिस्ट्री में रुचि थी।
अनुषा को कोर कोर्स ऑफ ह्यूमेनिटीज एंड सोशल साइंस में ऑवरऑल परफोर्मेंस एवं आउट स्टेंडिंग परफोर्मेंस इन ह्यूमेनिटीज एंड सोशल साइंस के लिए भी मैडल दिए गए। वे अब अमरीका की यूनिवर्सिटी ऑफ मिनिसोटा से उच्च शिक्षा लेंगीं। साथ ही अनुषा को बेस्ट परफोर्मेंस इन कोर कोर्स ऑफ इंजीनियरिंग ग्राफिक्स एंड मैन्युफैक्चरिंग एंड वर्कशॉप प्रेक्टिस अवार्ड भी दिया गया।


बेसिक को अच्छे से पढ़ा, मिला प्रेसिडेंट मेडल: किमती

जम्मू निवासी कीमती मनावा ने आईआईटी गांधीनगर से एमटेक में प्रेसिडेंट गोल्ड मेडल प्राप्त किया है। वे कहते हैं कि उन्होंने सिविल इंजीनियरिंग में एमटेक के लिए बेसिक को अच्छे से पढ़ा। कभी मेडल की अपेक्षा नहीं की लेकिन उनकी मेहनत के चलते उन्हें ये हासिल हुआ।

बीटेक-एमएससी की दोहरी डिग्री पाने वाले पहले छात्र अमोघ

आईआईटी गांधीनगर से बीटेक के साथ एमएससी की दोहरी डिग्री पाने वाले अमोघ परब पहले छात्र बन गए हैं। वे कहते हैं कि संस्थान की ये काफी अच्छी पहल है। कई विद्यार्थी बीटेक में प्रवेश तो ले लेते हैं लेकिन बाद मे उनकी रुचि बदल जाती है,ऐसे में ये कोर्स उनके लिए मददगार साबित होगा। वे मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक हुए हैं और साथ ही गणित में उन्होने एमएससी की डिग्री भी पाई है। उन्हें खुशी है कि वे इस कोर्स के पहले छात्र हैं।

Amogh
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