Ahmedabad News : सौनी योजना में राजकोट जिले को सर्वाधिक 1674 एमसीएफटी पानी मिला

मार्च से मई के दौरान राजकोट शहर को सर्वाधिक पानी दिया गया। सिंचाई विभाग के अनुसार राजकोट शहर-जिले के छह जलाशयों में 982 एवसीएफटी और 120 चेकडेम और 13 तालाबों में 692 एमसीएफटी नर्मदा का पानी दिया गया। इसके अलावा राजकोट जिले के मच्छु 1 डेम में 30 एमसीएफटी, आजी 1 डेम में 616 एमसीएफटी, नयारी 1 में 150 एमसीएफटी, वेरी में 145 एमसीएफटी, फोफल में 11 एमसीएफटी और चिभडा सिंचाई योजना में 30 एमसीएफटी नर्मदा का पानी दिया गया।

By: Binod Pandey

Published: 03 Jul 2021, 08:00 AM IST

120 चेकडेम और 13 तालाब में 692 और 6 डेम में 982 एमसीएफटी पानी छोड़ा गया
राजकोट. सौराष्ट्र के लगभग सभी जिलों में बारिश थमने से किसानों में आशंका फैलने लगी है। इस दौरान राजकोट समेत समग्र सौराष्ट्र के लोगों में एक बारि फिर सौनी योजना से आस जगी है। हाल में सौनी योजना के तहत नर्मदा से पानी छोडऩा बंद कर दिया गया है। किसान सौनी योजना से पानी की मांग करने लगे हैं। गत मार्च से जून के दौरान राजकोट शहर और जिले में सौनी योजना अंतर्गत नर्मदा का पानी दिया गया था।

सौराष्ट्र के सभी जिलों में सर्वाधिक पानी राजकोट जिले को मिला है। राजकोट सिंचाई विभाग से मिली जानकारी के अनुसार राजकोट शहर और जिले के बीच सरकार ने सबसे अधिक 1674 एमसीएफटी नर्मदा का जल छोड़ा है। खासकर मार्च से मई के दौरान राजकोट शहर को सर्वाधिक पानी दिया गया। सिंचाई विभाग के अनुसार राजकोट शहर-जिले के छह जलाशयों में 982 एवसीएफटी और 120 चेकडेम और 13 तालाबों में 692 एमसीएफटी नर्मदा का पानी दिया गया। इसके अलावा राजकोट जिले के मच्छु 1 डेम में 30 एमसीएफटी, आजी 1 डेम में 616 एमसीएफटी, नयारी 1 में 150 एमसीएफटी, वेरी में 145 एमसीएफटी, फोफल में 11 एमसीएफटी और चिभडा सिंचाई योजना में 30 एमसीएफटी नर्मदा का पानी दिया गया।

खासकर राजकोटवासियों की प्यास बुझाने के लिए सरकार ने सर्वाधिक 616 एमसीएफटी पानी दिया। इसके अलावा 24 मार्च से सात जून के दौरान सौनी योजना अंतर्गत आजी-3 डेम में 138 एमसीएफटी, खोडापीपर में 45 एमसीएफटी और 7 चेकडेम व एक तालाब में 117 एमसीएफटी नर्मदा का पानी दिया गया। वहीं लिंक 4 में 16 मार्च से 30 जून के दौरान देवधरी छोटी सिंचाई योजना अंतर्गत 40एमसीएफटी, मालगढ़ सिंचाई योजना में 25, आंकडिया डेम में 160, सोरल पर सिंचाई योजना में 15 और करमाल सिंचाई येाजना में 5 एमसीएफटी पानी दिया गया। लिंक 4 अंतर्गत 101 चेकडेम व 12 तालाबों में 493 एमसीएफटी पानी छोड़ा गया। इसके अलावा पांच जलाशयों में 245 एमसीएफटी पानी दिया गया।

Binod Pandey
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