फर्जी कॉल सेंटर का हुआ पर्दाफाश, 19 आरोपी गिरफ्तार

एलसीबी ने साणंद में दबिश देकर की कार्रवाई, 20 कंप्यूटर, 34 फोन सहित 22 लाख का मुद्दामाल किया जब्त, बैंक से ऋण लेने वाले अमरीकी लोगों को बनाते थे निशाना

By: MOHIT SHARMA

Published: 07 Sep 2021, 12:12 AM IST

अहमदाबाद. जिले की स्थानीय अपराध शाखा (एलसीबी) ने साणंद तहसील के वासणा-इयावा गांव के पास नटराज इंडस्ट्रियल एस्टेट में चल रहे फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया है। मौके पर दबिश देकर 19 आरोपियों को पकड़ा है। आरोपी बैंक से ऋण लेने वाले अमरीकी लोगों को निशाना बनाते थे। मौके से 20 कंप्यूटर, 34 फोन सहित 22 लाख का मुद्दामाल बरामद किया है। इसमें 75 हजार की नकदी और 17.15 लाख कीमत के 9 वाहन भी शामिल हैं। एलसीबी के अनुसार उन्हें सूचना मिली थी कि अहमदाबाद शहर में रहने वाले दो युवक जिले के साणंद में स्थित इंडस्ट्रियल एस्टेट में फर्जी कॉल सेंटर चला रहे हैं। जिसके आधार पर जाल बिछाया और दबिश दी तो वहां से 19 आरोपी मिले।

दोनों मुख्य सूत्रधार युवक भी पकड़े
एलसीबी के अनुसार इस फर्जी कॉल सेंटर को मेमनगर निवासी विकी प्रजापति, सेटेलाइट प्रेरणातीर्थ देरासर के पास रहने वाला भावेश ठक्कर चला रहे थे। यही दोनों इस फर्जी कॉल सेंटर के मुख्य सूत्रधार हैं। ये दोनों भी पुलिस की गिरफ्त में आ गए हैं।
प्राथमिक जांच में सामने आया कि आरोपी बीते करीब चार महीने से इस जगह पर फर्जी कॉल सेंटर चला रहे थे। इन दोनों ही की इसमें हिस्सेदारी है। इन्होंने किराए पर शेड को लिया था। नौकरी पर अन्य लोगों को रखा था।

पुलिस केस की धमकी देकर बनाते शिकार
प्राथमिक जांच में सामने आया कि आरोपी ऐसे लोगों को फोन करते थे, जिन्होंने अमरीका की बैंकों से लोन लिया होता है और उसके हफ्ते की भरपाई नहीं की होती है। ऐसे लोगों को आरोपी बैंक कर्मचारी व एजेंसी के कर्मचारी बनकर फोन करते। उन्हें हफ्ते की भरपाई नहीं करने पर उनके बैंक एकाउंट के बंद होने और पुलिस केस करने की धमकी देते थे। इससे बचने के लिए समाधान के नाम पर कुछ राशि अलग अलग गिफ्ट कार्ड के रूप में मंगवाते थे। फिर उस गिफ्ट कार्ड की प्रोसेस कराते और उसकी राशि को आंगडिया के जरिए प्राप्त करते थे। ऐसा करके आरोपियों ने अब तक कई अमरीकी लोगों को चपत लगाई है।

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