Ahmedabad वीवीआईपी बंदोबस्त की सुरक्षा के संदर्भ में गुजरात डीजीपी ने लिया ये अहम निर्णय

Ahmedabad वीवीआईपी बंदोबस्त की सुरक्षा के संदर्भ में गुजरात डीजीपी ने लिया ये अहम निर्णय
Ahmedabad वीवीआईपी बंदोबस्त की सुरक्षा के संदर्भ में गुजरात डीजीपी ने लिया ये अहम निर्णय

nagendra singh rathore | Publish: Sep, 19 2019 10:54:59 PM (IST) | Updated: Sep, 19 2019 10:55:00 PM (IST) Ahmedabad, Ahmedabad, Gujarat, India

Gujarat Police, VVIP Security arrangement, mental situation, better grading, pistol or revolver allocation, new direction, PI, PSI, DGP Gujarat अच्छी मानसिक स्थिति और ग्रेड होने पर ही वीवीआईपी बंदोबस्त में लगेगी ड्यूटी, पांच साल से कम अनुभवी पीएसआई को ड्यूटी बाद थाने में जमा कराना होगा हथियार, प्रशिक्षु कर्मचारी को नहीं दिया जाएगा हथियार

अहमदाबाद. PM Narendra modi प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सुरक्षा बंदोबस्त में केवडिया कोलोनी में तैनात PSI पीएसआई के सह कर्मचारी के हथियार से गोली मारकर suicide आत्महत्या करने की घटना को DGP पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने गंभीरता से लिया है।
डीजीपी शिवानंद झा ने राज्य के सभी पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि अब से उन्हीं पुलिस कर्मचारी और अधिकारियों की वीवीआईपी और संवेदनशील बंदोबस्त में ड्यूटी लगाई जाए, जिनकी मानसिक स्थिति बेहतर हो और सुपरवाइजरी अधिकारियों की ओर से दी जाने वाली ग्रेडिंग में कर्मचारी एवं अधिकारी अच्छी ग्रेडिंग रखते हों। अच्छी ग्रेडिंग वाले अधिकारियों को ही हथियार के साथ VVIP Security arrangement वीवीआईपी बंदोबस्त में ड्यूटी पर तैनात किया जाए।
सुपरवाइजरी अधिकारियों को कर्मचारियों की Mental situtation मानसिक स्थिति का भी मूल्यांकन करने का फरमान जारी किया गया है।
केवडिया कोलोनी से पहले राजकोट शहर में एक एएसआई के आत्महत्या करने और उससे पहले वडोदरा में एक पीएसआई के आत्महत्या कर लेने के मामले को ध्यान में रखते हुए पुलिस अधिकारियों को दिए जाने वाले हथियारों के मामले में भी सतर्कता बरतने का निर्देश जारी किया है।
इस संदर्भ में एक परिपत्र भी जारी किया है, जिसके तहत रिवॉल्वर, पिस्तोल से बनने वाली ऐसी आकस्मिक दुर्घटनाओं को टालने के लिए पुलिस स्टेशन में यूनिफॉर्म (वर्दी) में ड्यूटी देने वाले पीआई और पीएसआई को ड्यूटी के समय ही हथियार जारी किए जाएं। पांच साल से कम का अनुभव रखने वाले पीएसआई को हथियार ड्यूटी के बाद थाने में ही जमा कराना होगा।
कोई भी प्रशिक्षु पुलिस अधिकारी को सरकारी हथियार का आवंटन नहीं किया जाएगा। केवल फायरिंग की प्रेक्टिस एवं परेड के समय जरूरी हो उस हिसाब से हथियारों का आवंटन उन्हें किया जाएगा। इससे जुड़ी जरूरी सूचनाएं अधीनस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों को जारी करने का भी निर्देश दिया गया है।

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