Gujarat: राज्य सरकार आदिवासियों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध

Gujarat, Tribal affairs minister Ganpatsinh vasava, Vadodara

By: Uday Kumar Patel

Published: 30 Jul 2021, 12:12 AM IST


वडोदरा. राज्य के आदिजाति विकास मंत्री गणपत सिंह वसावा ने बताया कि राज्य सरकार आदिवासियों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध है। राज्य सरकार की ओर से वर्ष 2019 में अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र की वैधता संबंधी कानून पारित किया गया और इसे कानूनी रूप देकर सख्ती से क्रियान्वयन शुरू किया जा चुका है।

वसावा अनुसूचित जनजातियों के जाति प्रमाण पत्रों के सत्यापन के लिए वडोदरा में संभागीय विश्लेषण समिति एवं सतर्कता प्रकोष्ठ कार्यालय के शुभारंभ कार्यक्रम के अवसर पर बोल रहे थे।

उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार ने राज्य के 33 जिलों को 4 जोन में बांटकर संभागीय विश्लेषण समिति कार्यालय का निर्माण कराने का निर्णय लिया है। इससे आदिवासी समाज के लोगों को जाति प्रमाण पत्र के सत्यापन के लिए ज्यादा दूर नही जाना पड़ेगा। वहीं संभागीय विश्लेषण समिति कार्यालय में जाति सत्यापन प्रमाण पत्र के लिए गांधीनगर एवं सूरत जाना पड़ता था लेकिन अब यह सुविधा वडोदरा शहर में भी सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है।
संभागीय विश्लेषण समिति कार्यालय में होने वाले कार्य अपर कलक्टर स्तर के एक उच्च अधिकारी की देखरेख में होगी। इस समिति की ओर से दिया गया प्रमाण पत्र आजीवन मान्य होगा। इस प्रमाण पत्र के आधार पर ही शिक्षा, नौकरी या चुनाव जैसे मामलों में आदिवासी समाज को आरक्षण का लाभ मिल सकेगा।
वडोदरा संभागीय विश्लेषण समिति कार्यालय के तहत वडोदरा, आणंद, दाहोद, पंचमहाल, खेडा, छोटा उदेपुर एवं महीसागर जिला शामिल है।
इस अवसर पर जिला कलक्टर आर.बी बारड, विधायक गण अभे सिंह तडवी, मनीषा सुथार व कुबेर डिंडोर तथा पूर्व सांसद रामसिंह राठवा सहित अधिकारी एवं पदाधिकारी उपस्थित थे।
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Uday Kumar Patel Reporting
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