विधायक देवनानी ने बेरोजगार युवकों, भदेल ने खाद्यान्न बजट व रावत ने एडीए को जमीन हस्तांतरण का उठाया मुद्दा

राजस्थान विधानसभा में बोले अजमेर उत्तर, अजमेर दक्षिण व पुष्कर के विधायक,ध्यानाकर्षण प्रस्ताव व बहस में भाग लेते हुए राज्य सरकार की नाकामियों पर खोली पोल, कांग्रेस मंत्री-विधायकों पर मुख्यमंत्री की झूठी तारीफें करने का लगाया आरोप

By: suresh bharti

Published: 12 Feb 2021, 01:13 AM IST

अजमेर/ जयपुर. राजस्थान विधानसभा में बोले अजमेर उत्तर, अजमेर दक्षिण व पुष्कर के विधायक,ध्यानाकर्षण प्रस्ताव व बहस में भाग लेते हुए राज्य सरकार की नाकामियों पर खोली पोल, कांग्रेस मंत्री-विधायकों पर मुख्यमंत्री की झूठी तारीफें करने का लगाया आरोप

विधायक वासुदेव देवनानी ने कहा कि डीएमएफ टी फ ण्ड के एक करोड़ आठ लाख की राशि में से एक करोड़ दो लाख सिर्फ केकड़ी राजकीय अस्पताल को ही जारी किए गए। पीपीई किट एवं मास्क व अन्य उपकरण भी मांगे गए थे। कोरोना मरीजों का इलाज का केन्द्र बना हुआ है। यहां भी पीपीई किट सहित अन्य आवश्यक उपकरण मांगे गए थे, लेकिन जहां इलाज हो रहा है, वहां एक फूटी कौड़ी भी नही दी गई। यह भदेभाव नही है तो क्या है। उन्होंने सवाल किया कि क्या मेडिकल कॉलेज में अजमेर उत्तर व दक्षिण के मरीजों का इलाज होता है। केकड़ी हॉस्पिटल में पहले से ही दो वेंटिलेटर मौजूद हैं। विधायक ने सरकार को आडे हाथों लेते हुए कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार देने की बात तो कहती है बस देना भूल जाती है।

कोई व्यक्ति भूखा नहीं सोएगा,मुख्यमंत्री का दावा खोखला

अजमेर दक्षिण विधायक व प्रदेश प्रवक्ता अनिता भदेल ने गुरुवार को विधानसभा सत्र में कांग्रेस सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष के लोगों ने फील्ड में काम नहीं किया केवल मुख्यमंत्री की तारीफ करते रहे इससे जनता का भला नहीं होने वाला।
उन्होंने कहा कि कोरोना काल में मुख्यमंत्री का दावा था कि कोई भी व्यक्ति को भूखा नहीं सोने दिया जाएगा, लेकिन खाद्यान्न के लिए कोई बजट नहीं दिया गया। केन्द्र की ओर से दिए गए खाद्यान्न को पारदर्शी तरीके से जनता तक नहीं पहुंचाया। तकनीकी कारणों के चलते 30 हजार लोग खाद्यान्न से वंचित रह गए। 40 हजार का इंजेक्शन फ्री में लगाया जाएगा प्लाज्मा थैरेपी की घोषणा की लेकिन वास्तविकता में ऐसा नहीं हो सका। केन्द्र सरकार से मिलने वाले गेहूं में 15 से 20 प्रतिशत कटौती की गई।

आशियाने उजाडऩे की कार्रवाई हो बंद

पुष्कर. विधायक सुरेश सिंह रावत ने विधानसभा क्षेत्र में वर्षों से किसानों के कब्जेशुदा जमीनों को अजमेर विकास प्राधिकरण को हस्तान्तरित करने के मुद्दे पर विधानसभामें ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव पेश करते हुए विधायक ने बताया कि एडीए में शामिल गांवों की सरकारी एवं गैर सरकारी जमीनें बिना भौतिक सत्यापन व बिना मौका रिपोर्ट किए अजमेर विकास प्राधिकरण के पक्ष में हस्तांतरित कर दी गई। एडीए जिन जमीनों को खाली बता रहा है मौके पर भी उन जमीनों के 70 प्रतिशत हिस्से पर ग्रामीणों ने वर्षों से मकान, बाड़े व अन्य निर्माण कर रखे हैं। इन कब्जों को सूचीबद्ध किए बिना जमीनें हस्तांतरित कर दी गई।

रावत ने नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री को ध्यानाकर्षित करते हुए विधानसभा क्षेत्र एवं अजमेर उत्तर विधानसभा क्षेत्र के एडीए के अधीन गांवों की जमीन पर बसे परिवारों के आशियाने उजाडऩे की कार्रवाई अविलम्ब रुकवाने की मांग की है।

suresh bharti Desk
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned