लोक सेवा केंद्रों में प्रमाण-पत्रों के नाम पर की जा रही अवैध वसूली, शिकायत के बाद भी अधिकारी नहीं करते कार्रवाई

Public service center: भ्रष्टाचार (Corruption) का अड्डा बनते जा रहे सुविधा केंद्र (Service center), ग्रामीणों से हर तरह के प्रमाण-पत्र (Certificate) बनाने के बदले ली जा रही अवैध रकम

By: rampravesh vishwakarma

Updated: 22 Nov 2020, 11:27 PM IST

अंबिकापुर. सरगुजा जिले में आम जनता की सुविधाओं के लिये समस्त ग्राम पंचायतों तहसीलों, शहरों एवं कलक्टोरेट परिसर में लोक सेवा केन्द्रों (Public service centers) की स्थापना की गई हैं। यहां से ग्रामीण व शहर के लोग आधार, आय, जाति, निवास, जन्म, मृत्यु, विवाह जैसे प्रमाण पत्र हेतु ऑनलाइन आवेदन (Online application0 कर प्रमाण-पत्र प्राप्त करते हैं।


सुविधा केन्द्र अब भ्रष्टाचार (Corruption) का अड्डा बन चुके हैं। उक्त सुविधा केन्द्रों में ग्रामीणों से अवैध वसूली लगातार की जा रही है। वही नौसिखिये उक्त सेवा केन्द्रों को संचालित कर रहे है, जिन्हें नियम की जानकारी नहीं है। वह सिर्फ अधिकारियों से सेटिंग कर आईडी प्राप्त कर कार्य कर रहे हैं व कमीशनखोरी कर रहे हैं।

प्रमाण पत्र (Certificate) प्रदान करने में भी कई दिन लग जा रहे हैं। संबंधित कार्यलय भी नौसिखियों द्वारा भेजे गये आवेदन में कुछ न कुछ कारण बता लौटा दे रहे है। आधार कार्ड बनाने व निकालने के नाम पर 100 से 200 रुपए तक की अवैध वसूली की जा रही हैं। स्थायी जाति प्रमाण पत्र हेतु 500 से 1000 रुपए तक तहसीलों में वसूले जा रहे हैं।

किसी प्रकार की पुछताछ करने पर कर्मचारी आवेशित हो उठते हैं। तहसीलों व कलक्टरेट स्थित लोक सेवा केन्द्र (Public service center) भी नियुक्त व्यक्ति के स्थान पर अनाधिकृत व्यक्ति संचालित करते हैं, जिन्हें नियुक्त व्यक्ति द्वारा कमीशन पर रखा जाता है, जो हमेशा बदलते रहते हैं।


अधिकारी भी नहीं करते कार्रवाई
अधिकारियों के पास शिकायत किये जाने पर किसी प्रकार की कोई कार्यवाही नहीं होती है। जिन व्यक्तियों को कार्य करने की अनुमति है, उनके स्थान पर कोई और कार्य कर रहा है। इस प्रकार शासन की एक महत्वपूर्ण योजना भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ती जा रही है।

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