महिला ने आईजी से मोबाइल पर की 4 लाख की ठगी की शिकायत, आईजी ने व्हाट्सएप पर भेजी एफआईआर की कॉपी

Surguja IG: नौकरी लगाने के नाम पर दंपती व एक अन्य ने महिला से लिए थे 4 लाख रुपए, नौकरी नहीं लगने पर रुपए भी नहीं कर रहे थे वापस, शिकायत करने के बाद पुलिस ने भी नहीं की थी कोई कार्रवाई

By: rampravesh vishwakarma

Updated: 05 Sep 2020, 04:42 PM IST

अंबिकापुर. सरगुजा रेंज के आईजी रतनलाल डांगी (Surguja IG) व्हाट्सएप पर मिली शिकायतों का निराकरण भी तत्काल कर अपनी अलग कार्यशैली का परिचय दे रहे हैं। चाहे वह विभाग का मामला हो या आम जनता का, सबकी समस्या वे तत्कार दूर कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला शुक्रवार की दोपहर सामने आया।

सूरजपुर जिले की एक महिला ने नौकरी लगाने के नाम पर 4 लाख रुपए ठगी की शिकायत आईजी से मोबाइल पर की। उसने थाने में दी गई शिकायत की कॉपी आईजी के व्हाट्सएप पर भेजी। 5 घंटे के भीतर आईजी (Surguja IG) ने उक्त मामले में एफआईआर कराकर उसकी कॉपी महिला के व्हाट्सएप पर भेज दी। आईजी की इस कार्यशैली की सभी ओर सराहना हो रही है।


गौरतलब है कि सरगुजा आईजी रतनलाल डांगी ने अपना मोबाइल नंबर विभाग समेत आम जनता के लिए भी उपलब्ध कराए हैं। इसी कड़ी में उनके पास लोग शिकायतें बताकर निराकरण करा रहे हैं।

इसी कड़ी में सूरजपुर जिले के शिवप्रसादनगर निवासी साधना जायसवाल पति गणेश 35 वर्ष ने शुक्रवार की दोपहर आईजी (Surguja IG) को बताया कि सूरजपुर स्वास्थ्य विभाग में भृत्य की नौकरी लगाने के नाम पर उससे 4 लाख रुपए की ठगी की गई है। न तो उसकी नौकरी लगी और न ही रुपए वापस किए जा रहे हैं।

थाने में भी मामले की शिकायत की है, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई। इस पर आईजी ने महिला से शिकायत की कॉपी व्हाट्सएप पर मंगाई और चंद घंटे के भीतर एफआईआर दर्ज कराकर उसकी कॉपी महिला के व्हाट्सएप पर भेज दी। आईजी की इस मदद के लिए महिला व उसके परिवार ने उनका आभार जताया।


ये था मामला
ठगी की शिकार महिला ने शिकायत में बताया कि बसदेई चौकी अंतर्गत ग्राम कुसमुसी निवासी जागीर सिंह पिता बुर्षभान ने वर्ष 2018 में भृत्य की नौकरी के लिए उसका फार्म भरकर जमा किया था। जागीर सिंह व उसके एक दोस्त रवि पिता श्याम दास बघेल ने कहा कि कुछ रुपए खर्च करोगी तो नौकरी लगवा देंगे।

जागीर बोला कि उसने अपनी पत्नी यमुना की नौकरी भी लगवाई है और उनकी अच्छी सेंटिंग सीएमएचओ से है। इसके बाद जागीर व रवि उसके घर हमेशा पैसे के लिए आया करते थे। जब पोस्टिंग होने लगी तो उन्होंने कहा कि तुम्हारी नियुक्ति की बात सीएमएचओ से हो गई है, कल 4 लाख रुपए लेकर कलेक्टोरेट आ जाओ।

उनकी बातों में आकर वह 4 दिसंबर 2018 को 4 लाख रुपए लेकर वहां पहुंची। इस दौरान जागीर, उसकी पत्नी यमुना व रवि वहां मौजूद थे। उसने कलक्टर ऑफिस के पास 4 लाख रुपए जागीर सिंह को दिए। इस दौरान उसके पति गणेश ने छिपकर रुपए देने की वीडियो मोबाइल पर बना ली थी।


नौकरी भी नहीं लगी और रुपए भी नहीं मिले
महिला ने आईजी बताया कि न तो उसकी नौकरी लगी और न ही रुपए वापस मिले। कई बार रुपए मांगने के बाद वे आनाकानी करने लगे। अंत में उसने मामले की शिकायत सूरजपुर थाने में की लेकिन वहां भी कोई सुनवाई नहीं हुई।

rampravesh vishwakarma Desk
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