निगम एक माह में जितने टैक्स की नहीं कर पाता था वसूली, सप्ताह भर में अपने आप आ गए उतने लाख रुपए, ये है वजह

पिछले पांच वर्ष के दौरान निगम के कर्मचारियों द्वारा एक माह के भीतर नहीं की गई थी उतनी वसूली, सप्ताहभर में आ गए 13 लाख रुपए

By: rampravesh vishwakarma

Updated: 03 Dec 2019, 06:27 PM IST

अंबिकापुर. नगर निगम ambikapur के कर्मचारियों द्वारा एक माह में जितनी राजस्व की वसूली पिछले पांच वर्ष के दौरान नहीं की गई थी, उतना राजस्व सिर्फ एक सप्ताह में आ गया। इसकी मुख्य वजह ये है कि निकाय चुनाव के लिए सभी दावेदारों को निगम से अनापत्ति प्रमाण पत्र लेना अनिवार्य है। ऐसे में पार्षद चुनाव लडऩे वाले दावेदार बकाया टैक्स की राशि पटा रहे हैं।


नगर निगम अंबिकापुर हमेशा राजस्व की वसूली को लेकर निर्धारित लक्ष्य से पिछड़ता है, लेकिन पिछले कुछ दिनों में न केवल निगम कर्मचारियों द्वारा राजस्व की वसूली की गई है। बल्कि खुद लोग निगम कार्यालय में पहुंचकर अपना सभी कर जमा कर रहे हंै।

निकाय चुनाव के लिए जो भी दावेदारी कर रहा है उसके लिए निर्वाचन आयोग ने सभी प्रकार के करों के भुगतान कर अनापत्ति प्रमाण-पत्र संबंधित कार्यालय से लेना अनिवार्य किया है। इससे अचानक निगम कार्यालय में सम्पत्ति, समेकित व जल कर जमा करने वाले दावेदारों की भीड़ बढ़ गई है।

निगम के राजस्व विभाग को कर जमा कराने के लिए कर्मचारियों की संख्या भी बढ़ानी पड़ी है। निगम के राजस्व कर्मचारियों के अनुसार राजस्व जमा करने वाले में ऐसे लोग भी शामिल हैं, जिनके द्वारा ५ वर्ष के दौरान एक भी रुपए भी जमा नहीं किए गए थे। राजस्व कर्मचारियों ने यह भी बताया गया कि हमेशा उनके द्वारा राजस्व जमा करने में आनाकानी की जाती थी।


13 लाख की हुई वसूली
नगर निगम की निकाय चुनाव की घोषणा के बाद से ही अचानक राजस्व की वसूली बढ़ गई है। पार्षद के लिए जो भी दावेदारी कर रहा है उनके द्वारा निगम से एनओसी लेने से पूर्व कर्मचारियों को फोन कर खुद ही बकाया राजस्व की जानकारी ली जा रही है।

वे बकाया राजस्व की वसूली के लिए कर्मचारियों को घरों में बुलाकर कर राशि जमा कर पूर्णत: भुगतान का प्रमाण-पत्र ले रहे हैं। नगर निगम के राजस्व प्रभारी के अनुसार सम्पत्ति व समेकित सहित जल कर के रूप में पिछले एक सप्ताह के दौरान १३ लाख रुपए जमा हो चुके हैं।

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rampravesh vishwakarma Desk
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