सकपका गए नागपुर से पहुंचे डीजीएम जब ठेकेदारों ने कहा- दीजिए हमारे 4 करोड़

पावर ग्रिड कंपनी के डीजीएम नागपुर से पहुंचे थे अंबिकापुर, पावर ग्रिड से ठेका मिलने के बाद ज्योति स्ट्रक्चर ने 67 पेटी कांटे्रक्टरों से कराया था काम

By: rampravesh vishwakarma

Published: 13 Mar 2018, 02:29 PM IST

अंबिकापुर. राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना के तहत वर्ष 2015 तक काम करने के बावजूद पावर ग्रिड की ठेका कम्पनी द्वारा पेटी ठेकेदारों का लगभग 4 करोड़ रुपए भुगतान नहीं किया गया है। सोमवार को पावर ग्रिड व ज्योति स्ट्रक्चर कम्पनी के डीजीएम व अन्य अधिकारी अंबिकापुर पहुंचे तो पेटी कान्ट्रेकटरों ने उन्हें घेर लिया और भुगतान करने की मांग करने लगे। इस पर अधिकारियों ने कहा कि उन्होंने रुपए का भुगतान ज्योति स्ट्रक्चर कंपनी को कर दिया है।


वर्ष 2010 से 2015 तक पावर ग्रिड कम्पनी नागपुर द्वारा राजीव गांधी विद्युतीकरण योजना के तहत जिले में बिजली विस्तार हेतु नासिक की ज्योति स्ट्रक्चर लिमिटेड को ठेके पर काम दिया गया था। ज्योति स्ट्रक्चर द्वारा खुद काम नहीं कर जिले के छोटे-बडे लगभग 67 पेटी ठेकेदारों को अलग-अलग क्षेत्र का काम सौंप दिया गया। सभी ठेकेदारों ने वर्ष 2010 से 2014 तक लगातार काम किया।

लेकिन कम्पनी द्वारा भुगतान नहीं किए जाने पर कुछ लोगों ने जिला प्रशासन व पुलिस को शिकायत की थी। शिकायत के बाद तात्कालीन कलक्टर के आदेश पर पुलिस ने ज्योति स्ट्रक्चर लिमिटेड के गोदाम को सील कर दिया था। इससे ठेकेदारों ने भी काम करने से इनकार कर दिया था लेकिन पावर ग्रिड कम्पनी के डीजीएम बीएम सिंह के आश्वासन पर पेटी कांट्रेक्टरों ने काम शुरू किया और उन्हें कुछ भुगतान भी किया गया।

वहीं वर्ष 2015 के बाद एक बार फिर से भुगतान नहीं होने पर सभी 67 ठेकेदारों ने काम रोक दिया। इससे उनका लगभग 4 करोड़ से अधिक का भुगतान आज तक नहीं हुआ है। इसे लेकर सोमवार को पावर ग्रिड कम्पनी के नागपुर से पहुंचे डीजीएम पताजंली शर्मा व बिलासपुर के एसके घोष के पहुंचते ही पेटी ठेकेदारों ने घेर लिया और उनसे भुगतान की मांग करने लगे। इसपर पताजंली शर्मा ने कहा कि उनके द्वारा पूरा भुगतान ज्योति स्ट्रक्चर को कर दिया गया है।


दीवालिया घोषित हो गई है कंपनी
पतांजलि शर्मा ने सभी पेटी ठेकेदारों को बताया कि ज्योति स्ट्रक्चर मामले में दिवालिया घोषित हो चुका है, लेकिन ठेकदारों ने कहा कि जब ज्योति स्ट्रक्चर का देश के अन्य जगहों पर जब काम चल रहा है तो कम्पनी कैसे दिवालिया घोषित हो गई।


सभी ठेकेदारों का नहीं हुआ अनुबंध तो भुगतान किस बात का
ज्योति स्ट्रक्चर का कम्पनी के साथ अनुबंध था। इसकी वजह से उसे पावर ग्रिड कम्पनी द्वारा भुगतान कर दिया गया है। सब ठेकेदारों से कम्पनी का कोई अनुबंध नहीं हुआ है। इसकी वजह से कम्पनी इनके भुगतान के लिए जिम्मेदार नहीं है।
पतांजलि शर्मा, डीजीएम, पीएमएस, नागपुर

rampravesh vishwakarma Desk
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