महापौर अमृता यादव ने एमआईसी सदस्यों और इंजीनियरों के साथ शहर में विभिन्न विकास कार्यों को देखा। इस दौरान 252 करोड़ के सीवरेज लाइन के निर्माण कार्यों को देखा। निरीक्षण की खास बात यह रही कि महापौर ने स्कूटी से निरीक्षण करने अमले के साथ फील्ड में पहुंची थीं।
महापौर अमृता यादव ने एमआईसी सदस्यों और इंजीनियरों के साथ शहर में विभिन्न विकास कार्यों को देखा। इस दौरान 252 करोड़ के सीवरेज लाइन के निर्माण कार्यों को देखा। निरीक्षण की खास बात यह रही कि महापौर ने स्कूटी से निरीक्षण करने अमले के साथ फील्ड में पहुंची थीं।
महापौर ने कहा कि गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं है। नवचंडी क्षेत्र में निर्माण कार्य को देखा। उन्होंने इंजीनियरों से कहा कि प्रत्येक 30 मीटर सीवरेज लाइन बिछाने के पश्चात उसे कवर करने से पहले क्षेत्रीय पार्षद को अनिवार्य रूप से सूचित करें। फोटोग्राफी एवं वीडियोग्राफी के माध्यम से कार्य का रिकॉर्ड तैयार करें। संतुष्टि के बाद ही पाइप को बंद करें। आईटीआई ग्राउंड में रखे डैमेज पाइपों का निरीक्षण किया गया। क्षतिग्रस्त पाइपों की व्यवस्थित नंबरिंग एवं एंट्री करें। क्रैक या डैमेज पाइप का उपयोग न किया जाए।
महापौर पदमकुंड पहुंचीं। निरीक्षण के दौरान गत वर्ष विसर्जित मूर्तियां को पूरी तरह पानी में गलने को लेकर चर्चा की गई। महापौर ने जनता से आग्रह किया कि कुंडों में मूर्ति विसर्जन न करें। पदमकुंड से दादाजी बस स्टैंड से पंधाना रोड स्थित दादाजी मंदिर पहुंच मार्ग का निरीक्षण किया। 400 मीटर लंबी एवं 6 मीटर चौड़ीसड़क निर्माण कार्य को भी देखा।
ट्रांसपोर्ट नगर में मछली मार्केट की आवंटित 5 एकड़ भूमि का निरीक्षण किया गया। भूमि का उपयोग केवल फिश मार्केट तक सीमित न रखते हुए मटन एवं चिकन मार्केट के समेकित विकास किया भी किया जा सकता है, जिससे व्यवस्थित व्यापारिक केंद्र विकसित हो सके।
निरीक्षण की विशेष बात यह रही कि महापौर सहित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों-कर्मचारियों ने ईंधन बचत एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश देने इलेक्ट्रिक स्कूटी से विभिन्न स्थलों का निरीक्षण किया। इससे ऊर्जा बचत का संदेश दिया गया। इस अवसर पर निगम अध्यक्ष अनिल विश्वकर्मा, राजेश यादव समेत अन्य प्रतिनिधि रहे।