-उपराष्ट्रपति श्रीमान वेंकैया नायडू ने दिया सम्मान पत्र-डॉ विश्वनाथ धिताल को मिला ’महर्षि बादरायण व्यास सम्मान’-IIT BHU के हैं असिस्टेंट प्रोफेसर
वाराणसी. विज्ञान और तकनीकी संस्थान से जु़ड़ना और धर्म शास्त्रों के प्रति रुझान रखने जैसे तालमेल कम ही देखने को मिलते हैं। इसे विलक्षण प्रतिभा ही कहा जाएगा। लेकिन जिसने भी इस संयोग को साधा उसने दुनिया को कुछ नया दिया। शोहरत कमाई। ऐसे ही एक विलक्षण प्रतिभा के धनी आईआईटी बीएचयू के प्रोफेसर हैं डॉ विश्वनाथ धिताल जिन्हें उनके द्वारा धर्म शास्त्र पर किए गए कार्य के लिए राष्ट्रपति सम्मान से नवाजा गया है।
शास्त्रों के प्रचार एवं प्रसार के लिए किये गए प्रयासों का उच्च मूल्यांकन करते हुए इस प्रकार के कार्यों के प्रोत्साहन हेतु भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (काशी हिन्दू विश्वविद्यालय) के मानवतावादी अध्ययन विभाग के अस्सिटेंट प्रोफेसर डॉ विश्वनाथ धिताल को राष्ट्रपति भारत सरकार के द्वारा प्रदत्त ’’महर्षि बादरायण व्यास सम्मान’’ से सम्मानित किया गया है।
डॉ धिताल को यह सम्मान बीते गुरूवार को दिल्ली स्थित अशोक होटल में आयोजित सम्मान समारोह में उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू द्वारा प्रदान किया। डॉ विश्वनाथ धिताल को मिली इस उपलब्धि पर संस्थान के निदेशक प्रोफेसर प्रमोद कुमार जैन ने बधाई दी है। डॉ विश्वनाथ धिताल ने बताया कि सम्मान समारोह के अगले दिन शुक्रवार को राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद द्वारा राष्ट्रपति भवन में बुलाया और बधाई दी।