अध्योध्यासी ही करेंगे 14 कोसी परिक्रमा, बाकी पर बैन

कार्तिक परिक्रमा मेला में अयोध्यावासी सहित साधु संत निभाएंगे परंपरा

By: Satya Prakash

Updated: 21 Nov 2020, 07:10 PM IST

पत्रिका ग्राउंड रिपोर्ट
सत्यप्रकाश
अयोध्या : राम नगरी अयोध्या में कार्तिक मास परिक्रमा पुरानी परंपरा है। इस परंपरा को निभा करने के लिए लाखों की संख्या में श्रद्धालु अयोध्या पहुंचते हैं लेकिन इस वर्ष कोविड-19 को देखते हुए बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं पर प्रतिबंध लगा दिया गया है इसलिए अब इस परंपरा का निर्वाह अयोध्यावासी और साधु संत की निभाएंगे। वहीं परिक्रमा को लेकर जिला प्रशासन ने भी तैयारी पूरी कर ली है।

राम नगरी अयोध्या में परिक्रमा की प्राचीन परंपरा है। जिसका निर्वाह आज विधि विधान पूर्वक किया जाता है। कार्तिक मास प्रारम्भ होते ही बड़ी संख्या में लोग कल्पवास करने अयोध्या पहुंचते हैं। जहां पूजा पाठ के साथ दान पुण्य कर अयोध्या की परिक्रमा करते है। और इस विधान को अयोध्या में मेले का स्वरूप दिया गया है। अब लाखों की संख्या में 14 कोसी व 5 कोसी परिक्रमा करने श्रद्धालु अयोध्या पहुंचते हैं। लेकिन इस वर्ष कोविड-19 के कारण बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं ओर प्रतिबंध लगा दिया है। इस वर्ष परिक्रमा की परंपरा को अयोध्यावासी व साधु संत ही निभाएंगे। संतों की माने तो अयोध्या की परंपरा अनंत काल से है इसलिए यह परंपरा नही रोकी जा सकती है। बल्कि परंपरा को देखते हुए कोविड-19 एडवाइजरी को लेकर व्यवस्थाओं के बीच किया जाएगा।

कार्तिक परिक्रमा को लेकर तैयारी भी पूरी कर ली जा चुकी है 22 नवंबर को 42 किलोमीटर की 14 कोसी परिक्रमा प्रारंभ होगी जो कि 23 नवंबर को देर शाम पूरा होगा तो वह 25 नवंबर को 15 किलोमीटर की पंचकोशी परिक्रमा शुरू की जाएगी। परिक्रमा के दौरान मोनी बाबा कुटिया, सूर्य कुंड, नाका हनुमानगढ़ी, गुप्तार घाट, राजघाट सहित अन्य कई स्थानों पर पड़ाव लेते हुए पूरा करेंगे। जिसको देखते हुए जिला प्रशासन, अयोध्या पुलिस, नगर निगम व स्वास्थ्य विभाग के द्वारा विशेष व्यवस्था की गई है। पूरे परिक्रमा मार्ग पर लाइट की पर्याप्त व्यवस्था, साफ सफाई के साथ बालू का छिड़काव के साथ स्थान स्थान पर बैरिकेडिंग लगाया गया है वही कोविड-19 को देखते हुए जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग के द्वारा मेडिकल सेंटर व कोविड-19 सेंटर भी बनाए जा रहे हैं।

अयोध्या के साथ पूरे परिक्रमा क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त के बीच सकुशल निपटाने के लिए पर्याप्त सुरक्षाकर्मियों तैनात किए गए हैं मार्ग पर पढ़ने वाले सभी प्रमुख स्थानों पर बैरिकेडिंग के साथ बड़ी मात्रा में पुलिस, पीएसी, आरएएफ के जवान तैनात किए गए हैं। इसके साथ ही पूरी परिक्रमा मार्ग को कैमरे की निगरानी में रखा गया है जिसके लिए सैकड़ों की संख्या में सीसीटीवी कैमरा भी लगाया गया है। वही अयोध्या आने वाले सभी प्रवेश मार्गों को सील किए जाने के साथ ही ट्रैफिक डायवर्जन भी किया गया है।ट्रैफिक डायवर्जन में गोरखपुर से अयोध्या होकर बाराबंकी या लखनऊ जाने वाले वाहन हाईवे से जरूरत के मुताबिक बस्ती बाईपास से उतरौला रोड व लखनऊ से गोरखपुर जाने वाले वाहन हाईवे से रामनगर चौराहा बाराबंकी से गोंडा मार्ग किया गया है।
वहीं लखनऊ अयोध्या रोड पर सभी वाहन बूथ नंबर 1 सहादतगंज से शहर की ओर प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा और भारी वाहन थाना रौनाही के सामने रोके जाएंगे। और रायबरेली अयोध्या रोड पर अग्रसेन चौराहे से शहर की ओर प्रवेश रहेगा प्रतिबंधित,सभी वाहन हाईवे से होकर गुजरेंगे । सुल्तानपुर से अयोध्या रोड पर वाहनों को शांति चौक से शहर की ओर प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। व अंबेडकर नगर अयोध्या रोड पर महाराजगंज से कूड़ा केशवपुर दर्शन नगर और देवकाली चौराहा से दर्शन नगर की ओर सभी प्रकार के वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित होगा।

Show More
Satya Prakash
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned