सातवां वेतन आयोग में केंद्र ने किया छलावाः रामलाल

सातवां वेतन आयोग में केंद्र ने किया छलावाः रामलाल

संविदा कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में कर्मचारियों ने दिया धरना

आजमगढ़. संविदा पर कार्य करने वाले कर्मचारियों व रसोइयों की विभिन्न मांगों को लेकर उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी महासंघ द्वारा शुक्रवार को जिला मुख्यालय पर धरना दिया गया। इस दौरान कर्मचारियों ने सातवें वेतन आयोग को छलावा करार दिया।

राज्य कर्मचारी महासंघ के मंडल अध्यक्ष रामलाल यादव ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा सातवें वेतन आयोग में छलावा किया जा रहा है। संविदा पर कार्य करने वाले आंगनबाड़ी, रसोइयां, आशा बहुएं, पीआरडी, ग्राम रोजगार सेवक, ग्रामीण चैकीदार, बाल श्रम कर्मचारी आदि को न्यूनतम वेतन 15 हजार रुपया मिलना चाहिए। इन्हें सरकार स्थायी कर्मचारी घोषित करे। रसोइयों के पाल्य व्यवस्था व नवीनीकरण को समाप्त किया जाय। आशा बहुओं को पदोन्नति देकर एएनएम बनाया जाय। उक्त समस्याओं के समाधान हेतु केंद्र सरकार से कर्मचारी आरपार की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार हैं। केंद्र सरकार की श्रम विरोधी एवं आर्थिक नीतियों के विरोध में 2 सितम्बर 2016 को राष्ट्रव्यापी हड़ताल का निर्णय लिया गया है। इसमें सभी संगठन भाग लेंगे। आशा बहू संगठन की अध्यक्ष विभा राय व रसोइयां संघ की जिलाध्यक्ष किरन यादव ने कहा कि जिले में नसबंदी का पैसा मार्च से अब तक भुगतान नहीं दिया गया है। आशा बहुओं का उत्पीड़न किया जा रहा है। वहीं रसोइयों को भी लम्बे समय से वेतन नहीं मिला है। मिनिस्ट्रियल फेडरेशन के अध्यक्ष प्रदीप सिंह ने कहा कि जिले में कर्मचारी एवं संविदा कर्मचारियों का उत्पीड़न बंद किया जाय नहीं तो संविदा पर काम करने वाले कर्मचारी बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होंगे। इस मौके पर दयाराम गोंड, संजय यादव, रामप्रकाश सिंह, रजनीश राय, मनोज सिंह, तूफानी प्रजापति, गुड्डी, आशा, छेदी, गीता, उषा, पूनम, उर्मिला, जिलेदार आदि उपस्थित थे।

खबरें और लेख पड़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते है । हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते है ।
OK
Ad Block is Banned