लैब टेक्नीशियन के भरोसे मरीजों का इलाज

- चिकित्सक सहित पांच पद खाली

By: Ramakant dadhich

Updated: 18 Feb 2020, 11:38 PM IST

चीथवाड़ी. चिकित्सा व्यवस्थाओं को लेकर प्रदेश सरकार के दावे खोखले नजर आते हैं। ग्रामीण इलाको में चिकित्सा संवाएं बदहाले है। कहीं भवन की तो कहीं पर्याप्त संसाधन व स्टाफ नहीं है। इसके चलते ग्रामीणों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसी ही स्थिति राजधानी से सटे चौमंू उपखंड के चीथवाड़ी गांव की है जहां न तो चिकित्सक है और न ही कंपाउंडर। ऐसे में यहां मरीजों की सेहत लैब टेक्निशियन के भरोसे है। जानकारी अनुसार राजकीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चीथवाड़ी में चिकित्सक सहित आधा दर्जन पद खाली होने से मरीजों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। चिकित्साकर्मियों के अभाव में मरीजों को इलाज के लिए इधर-उधर भागना पड़ता हैं। मौसमी बीमारियों के चलते प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का आउटडोर आम दिनों की तुलना में बढक़र दो गुना तक पहुंच गया है। लेकिन विभाग न तो स्थायी चिकित्सक लगा रहा है और न ही अन्य स्टाफ।

इन पदों को भरने की दरकार
चीथवाड़ी पीएचसी में करीब दो साल से चिकित्सक का पद खाली है। हालांकि बीच बीच में विभाग की ओर से वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर अस्थायी चिकित्सक लगाया जाता है। जबकि यहां स्थायी चिकित्सक की दरकार है। चिकित्सक के अलावा पीएचसी में एक मेल नर्स द्वितीय, एक कम्पाउंडर, एक एएनएम व दो वार्डब्वॉय के पद कई माह से खाली चल रहे हैं।

एएनएम प्रतिनियुक्ति पर
इधर चिकित्सा विभाग के ब्लॉक स्तरीय अधिकारी चिकित्सालय में पर्याप्त स्टाफ का दावा कर रहे हैं। जबकि हकीकत यह है कि चिकित्साकर्मियों के नाम पर मेल नर्स प्रथम व लैब टेक्निशियन ही है। ऐसे में जब मेल नर्स छुट्टी पर रहते हैं तो अस्पताल में मरीज लैब टैक्निशियन के भरोसे रहते हैं। वहीं एक एएनएम जयपुर स्थिति एक अस्पताल में प्रतिनियुक्ति पर है।

आउटडोर बढक़र हुआ दोगुना
पीएचसी में जहां आम दिनों में दोनों पारियों में आउट डोर 70 से 80 रहता है। वहीं इन दिनों मौसम परिवर्तन के चलते आउट डोर बढ गया है। जिनका चिकित्सक व अन्य कार्मिकों के अभाव में मजबूरन लैब टेक्नीशियन को इलाज करना पड़ रहा है।

लैब टैक्नीशियन का यह है काम
विशेषज्ञों के अनुसार किसी भी अस्पताल में लैब टेक्नीशियन का काम लैब में मरीजों की विभिन्न प्रकार की जांच करने का होता हैं। लैब में होने वाली खून सहित अन्य जांचों का कार्य लैब टेक्नीशियन करता है। ये आधिकारकि रूप से दवा की सलाह नहीं दे सकते।

इनका कहना है...
पीएचसी में चिकित्सक व मेल नर्स द्वितीय का पद रिक्त चल रहा है। जिसके चलते मेल नर्स प्रथम व फार्मासिस्ट पर सारा भार पड़ रहा है। इनके अवकाश पर समस्या अधिक बढ़ जाती है। तब मजबूरन मरीजों को देखना पड़ता है।
प्रहलाद कुमावत, लैब टैक्नीशियन
प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, चीथवाड़ी

- मामला मेरी जानकारी में है। चिकित्सक का पद काफी दिनों से रिक्त चल रहा है। चिकित्सक के लिए सीएमएचओ को प्रपोजल बनाकर भेज दिया है।
एसके चौपड़ा, बीसीएमओ गोविन्दगढ़

Ramakant dadhich Desk/Reporting
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