दिल्ली में महारैली के बाद पीएम को सौंपा जाएगा ज्ञापन

दिल्ली में महारैली के बाद पीएम को सौंपा जाएगा ज्ञापन

mukesh yadav | Publish: Sep, 03 2018 11:37:05 AM (IST) Balaghat, Madhya Pradesh, India

दिल्ली के लिए आज रवाना होंगे सीटू पदाधिकारीगण

बालाघाट. शहर के बस स्टैंड स्थित धर्मशाला भवन में रविवार को सीटू के नेतृत्व में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं व मेहतनकसों की बैठक संपन्न की गई। बैठक में प्रमुख रूप से सीटू यूनियन के जिला अध्यक्ष इकबाल एहमद कुरैशी के अलावा आबा. एकता यूनियन की सचिव श्यामवती आंधवाने, जिला अध्यक्ष ज्योति बघेल, कुंतन कटरे व पुष्पा बागड़े उपस्थित रहे। बैठक को सम्बोधित करते हुए सीटू के इकबाल एहमद कुरैशी ने कहा कि महिला बाल विकास मंत्री मेनका गांधी द्वारा कुछ दिनों पूर्व आईसीडीएस के निजीकरण के प्रथम चरण के तहत आईसीडीएस के बजट में कटौती कर केन्द्र के अंशदान को ६० प्रतिशत से कम कर २५ प्रतिशत कर दिया गया है। जिससे राज्य सरकार को अब ७५ प्रतिशत वहन करना होगा। जो कि संभव नहीं है। टेक होम पोषण आहार नीति जिससे बच्चों को कई दिनों पूर्व बना हुआ पोषण आहार दिया जाएगा। ये सिर्फ बड़ी कंपनी को लाभ पहुंचाने का है व ऐसा किए जाने से जबरन पोष्ट आफिसों को भी अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। जो कि उच्चतम न्यायालय के निर्देशों के विपरीत है। ऐसे कई निर्णय आईसीडीएस के निजीकरण व ०-६ वर्ष के बच्चों पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाले व गर्भवती धात्री महलाओं के लिए घातक है।
सीटू ने बताया कि इसके विरोध में सीटू नेतृत्र में विगत दिनों से हस्ताक्षर अभियान चलाया जा रहा है। जिसे जिले के सांसद बोधसिंह भगत को तीन सितंबर को सौंपा जाएगा। इसके बाद सीटू व आंगनवाड़ी संघों पदाधिकारीगण दिल्ली के जंतर मंतर के लिए कूंच करेंगे। दिल्ली में ०५ सितंबर को विशाल महारैली व छह सूत्री मांगों को लेकर विभिन्न संगठनों द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ज्ञापन सौंपेग। इस मांगों में आईसीडीएस के निजीकरण न किए जाने की मांग भी शामिल है।
यह है प्रमुख मांगे
कुरैशी ने बताया कि उनके संगठन की छह: सूत्रीय मांगों में आईसीडीएस में डिब्बा बंद व प्रत्यक्ष नकदीकरण नीति पर रोक लगे। आईसीडीएस का संस्थाईकरण व सर्वव्यापी करण किया जाए, निजी करण पर रोक लेग। ४५ वें, ४६ वें श्रम सम्मेलन की सिफारिसे लागू की जाए। आबा. कार्यकर्ता व सहायिकाओं को शासकीय कर्मचारी का दर्जा प्रदान किया जाए। १८ हजार वेतन व ०३ हजार पेंशन दी जाए। इन्हें पेंशन, बीमा, ग्रेज्युटी का लाभ दिया जाए। महंगाई पर रोक लगाई जाए आदि शामिल है। इसका ज्ञापन पीएम को सौंपा जाएगा।

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