प्रशासन ने जानबूझकर मौत के घाट उतार दिए 900 पक्षी

एक किलोमीटर की परिधि में मांस व अंडों की बिक्री पर रोक

By: Ram Naresh Gautam

Published: 04 Jan 2018, 12:52 AM IST

बेंगलूरु. दासरहल्ली गांव के एक पोल्ट्री फार्म में बर्ड फ्लू (एच5एन1) की पुष्टि होने के दूसरे दिन बुधवार को पशुपालन विभाग के निर्देश पर बेंगलूरु महानगर पालिका (बीबीएमपी) की टीम ने करीब 900 पक्षियों को वैज्ञानिक तरीके से मार कर दफनाया। अधिकारियों ने लोगों को एहतियातन ठीक से पके हुए पक्षियों व अंडे खाने की सलाह दी है।
10 किमी दायरे के मुर्गी फार्म की होगी जांच
पशुपालन व मत्स्य विभाग के प्रधान सचिव राजकुमार खत्री ने बताया कि एच5एन1 वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए उचित कदम उठाए जा रहे हैं। सरकारी प्रोटोकॉल के अनुसार पक्षियों को मारने की प्रक्रिया जारी है। संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए पक्षियों को उसी क्षेत्र में मारा जाता है जहां से बर्ड फ्लू प्रकाश में आया था। जब तक इलाके से पूरी तरह से संक्रमण समाप्त होने की पुष्टि न हो जाए तब तक निरीक्षण कार्य जारी रहेगा।
गौरतलब है कि गत कुछ दिनों में फार्म में एक के बाद एक सैकड़ों चिकन मृत मिले थे। प्रारंभिक जांच में बर्ड फ्लू के लक्षण पाए जाने के बाद बीबीएमपी ने जांच के लिए नमूने भोपाल स्थित राष्ट्रीय उच्च सुरक्षा पशु रोग प्रयोगशाला भेजे थे। जिसमें बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई। फार्म के एक किलोमीटर के दायरे में चिकन और अंडों की खरीद-बिक्री पर भी रोक लगा दी गई है। साथ में फार्म के 10 किलोमीटर के दायरे में आने वाले फार्मों में भी जांच के आदेश दिए गए हैं। इस क्षेत्र को निगरानी जोन घोषित किया गया है।
चिकित्सकों का कहना है कि मनुष्यों की तरह ही पक्षी भी फ्लू के शिकार होते हैं। बर्डफ्लू को एवियन फ्लू या एवियन इंफ्लूएंजा के नाम से भी जाना जाता है। इसका एच5एन1 वायरस पक्षियों के साथ ही मुर्गियों और बत्तखों को भी अपना शिकार बनाता है। बर्ड फ्लू के अधिकतर विषाणु केवल दूसरे पक्षियों को ही अपना निशाना बना सकते हैं पर यह मनुष्यों के स्वास्थ्य पर भी विषम प्रभाव डाल सकता है।
गौरतलब है कि एच5 एन1 विषाणु से किसी आदमी के संक्रमित होने का पहला मामला हांगकांग में 1997 में सामने आया था। उसी समय से ही एशिया, अफ्रीका और यूरोप के देशों में बर्ड फ्लू का विषाणु फैलने लगा। संक्रमित पक्षियों के मल, पंख या म्यूकस से वायरस तेजी से फैलता है।

Ram Naresh Gautam
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