हासन में इंजीनियरिंग कॉलेज बंद करने का प्रयास निंदनीय

जनता दल-एस के वरिष्ठ नेता एचडी रेवण्णा ने राज्य सरकार पर राजनीतिक द्वेष की भावना से काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक द्वेष के कारण हासन जिले के मोसले होसहल्ली गांव में प्रस्तावित इंजीनियरिंग कॉलेज परियोजना निरस्त करने का प्रयास किया जा रहा है।

बेंगलूरु.जनता दल-एस के वरिष्ठ नेता एचडी रेवण्णा ने राज्य सरकार पर राजनीतिक द्वेष की भावना से काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक द्वेष के कारण हासन जिले के मोसले होसहल्ली गांव में प्रस्तावित इंजीनियरिंग कॉलेज परियोजना निरस्त करने का प्रयास किया जा रहा है।
शुक्रवार को विधानसौधा स्थित पार्टी विधायक दल के कार्यालय में उन्होंने कहा कि मोसले होसहल्ली पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा की जन्मस्थली है। ऐसे गांव के लिए मंजूर किया गया अभियांत्रिकी कॉलेज का प्रस्ताव निरस्त करते हुए भाजपा सरकार अब शिक्षा क्षेत्र का भी राजनीतिकरण कर रही है। भाजपा सरकार की इस राजनीतिक चुनौती का देवगौड़ा परिवार राजनीति से ही सटीक जवाब देगा। उन्होंने कहा कि गत 5 दशकों से राजनीति में सक्रिय देवगौडा परिवार के लिए ऐसी चुनौतियां नई नहीं है। ऐसी राजनीति से देवगौड़ा परिवार को डराना-धमकाना संभव नहीं है।
उन्होंने कहा कि विश्वेश्वरय्या विश्वविद्यालय तथा अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद ने वर्ष 2019-20 में इस इंजीनियरिंग कॉलेज को शुुरु करने की मंजूरी प्रदान की है। इसके तहत कॉलेज में अभी तक 173 विद्यार्थियों ने प्रवेश भी लिया है जिनमें से 80 छात्राएं है। इनमें से 165 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति मंजूर हुई है। उन्होंने कहा कि इस कॉलेज के निर्वहन के लिए राज्य सरकार पर कोई भार नहीं है। इसके बावजूद यहां पर किसी अभियांत्रिकी कॉलेज की आवश्यकता नहीं होने की रिपोर्ट के आधार पर उच्च शिक्षा मंत्री डॉ सीएन अश्वथनारायण ने कॉलेज को निरस्त करने का आदेश जारी किया है। साथ ही कॉलेज के लिए बनाए गए भवन का उपयोग कौशल विकास केंद्र के लिए करने के निर्देश जारी किए हंै।
येडियूरप्पा की कथनी और करनी में अंतर
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री बीएस यडियूरप्पा ने मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के पश्चात द्वेषपूर्ण राजनीति नहीं करने का वादा किया था लेकिन इस सरकार की कहनी और कथनी में अंतर दिखाई दे रहा है। कांग्रेस तथा जनता दल-एस के विधायकों के लिए मंजूर कई विकास योजनाओं में अवरोधक पैदा किए जा रहे हैं। कई विकास योजनाओं को स्थानांतरित किया जा रहा है। इससे पहले भी रामनगर के लिए मंजूर चिकित्सा शिक्षा संस्थान अब चिकबल्लापुर को स्थानांतरित किया गया है।
सरकार को गरीब विद्यार्थियों की चिंता नहीं
उन्होंने कहा कि राज्य के विभिन्न तहसीलों के लिए मंजूर किए गए 30 सरकारी पॉलीटेक्निक कॉलेज भी बंद किए जा रहें है। हासन जिले के होलेनरसीपुर में वर्ष 2007 में स्थापित पॉलिटेकनिक कॉलेज बंद किया गया है। इससे साबित होता है कि इस सरकार को गरीब परिवारों के विद्यार्थियों की कोई परवाह नहीं है।

Sanjay Kulkarni Reporting
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