मानसिक स्वास्थ्य की रामबाण औषध है क्षमा- साध्वी डॉ. मंगलप्रज्ञा

धर्मसभा का आयोजन

By: Yogesh Sharma

Published: 13 Sep 2021, 09:15 AM IST

मैसूरु. अग्रहार स्थित तेरापंथ भवन में साध्वी मंगलप्रज्ञा ने कहा कि आज संवत्सरी महापर्व क्षमा का पैगाम लेकर आया है। कलुषित चेतना को निर्मल बनाने के लिए आया है। जहां जीवन होता है, वहां अनुकूलता प्रतिकूलता,उतार-चढ़ाव का दौर आता रहता है। ऐसी विषम परिस्थिति में भी आध्यात्म का साधक समता की चेतना को विकसित करने का प्रयत्न करता है। आज का यह पावन दिन संकल्प की चेतना को जागृत करने का दिन है। क्षमा की स्रोतस्विनी में निमज्जन करने का दिन है। वासना से उपासना की ओर, अहं से अर्हम की ओर, प्रदर्शन से दर्शन की ओर प्रस्थान करने का संदेश लेकर उपस्थित हुआ है। साध्वी राजुलप्रभा ने आगम वाचन के द्वारा भगवान महावीर की वाणी का रसपान करवाया। साध्वी चैतन्यप्रभा ने गणधर वाद एवं निन्हव न का जीवन दर्शन प्रस्तुत किया। साध्वी शौर्यप्रभा ने तेरापंथ की यशस्वी आचार्य परम्परा पर प्रकाश डाला। महापर्व के दौरान ज्ञानशाला,कन्यामंडल, युवक परिषद् महिला मंडल तेरापंथ सभा भिक्षु मंडल एवं ज्ञानशाला के प्रशिक्षिकाओं ने गीतों की प्रस्तुति दी। क्षमापना दिवस पर आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत साध्वी सुदर्शन प्रभा, साध्वी सिद्धि यशा, साध्वी राजुलप्रभा,साध्वी चैतन्यप्रभा एवं साध्वी शौर्यप्रभा के गीत से हुई। इस अवसर पर तेरापंथ सभा के अध्यक्ष शांतिलाल कटारिया, युवक परिषद् अध्यक्ष विक्रम पितलिया, अणुव्रत समिति के अध्यक्ष शांतिलाल नौलखा, समण संस्कृति प्रकोष्ठ के आंचलिक संयोजक नेमिचन्द बडोला, महावीर मारु, महिला मंडल अध्यक्ष मंजु दक,कन्या मंडल संयोजिका दर्शना पोकरना, विजय लक्ष्मी आच्छा,तेरापंथ ट्रस्ट के पूर्व अध्यक्ष कैलाश देरासरिया ने विचार रखे।

Yogesh Sharma Reporting
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