विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी लेकिन कॉलेज का खुद का भवन तक नहीं

विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी लेकिन कॉलेज का खुद का भवन तक नहीं

Shankar Sharma | Updated: 04 Jun 2019, 11:05:48 PM (IST) Bangalore, Bangalore, Karnataka, India

कॉलेज शुरू हुए बारह बरस बीतने के बावजूद कॉलेज का खुद का भवन तक नहीं है। ऐसे में कॉलेज की कक्षाएं माध्यमिक स्कूल भवन में ही चलाई जा रही हैं।


फैज मुंशी
धारवाड़ . कॉलेज शुरू हुए बारह बरस बीतने के बावजूद कॉलेज का खुद का भवन तक नहीं है। ऐसे में कॉलेज की कक्षाएं माध्यमिक स्कूल भवन में ही चलाई जा रही हैं। कॉलेज सुबह 7.40 बजे शुरू होता है किन्तु 11.40 बजे तक अध्यापन पूर्ण कर देने की अनिवार्यता यहां के सरकारी पीयू कॉलेज की बनी हुई है।


धारवाड़ के आर.एन. शेट्टी स्टेडियम के निकट स्थित सरकारी माध्यमिक स्कूल परिसर में वर्ष 2007 में यह कॉलेज प्रारम्भ हुआ। खुद के भवन के लिए सरकार की ओर से अनुदान भी मंजूर हो गया, परंतु इस शैक्षणिक वर्ष भी इसी प्रकार कक्षाएं सुबह ही पूरी करनी पड़ती हैं।


1.63 करोड़ रुपए अनुदान मंजूर
जानकारी मिली है कि इस कालेज के स्थाई भवन निर्माण के लिए 93 लाख तथा 70 लाख रुपए के तौर पर दो किश्तों में कुल 1.6 3 करोड़ रुपए अनुदान मंजूर हुआ है। कुल 12 कक्षाओं के लिए कमरों के भवन का ब्लू-प्रिंट तैयार हो गया है। उसका भूमि पूजन भी हो गया है। माध्यमिक स्कूल परिसर में कालेज भवन निर्माण करने से स्कूल के लिए मैदान की कमी होगी। इस बात को लेकर स्कूल प्रशासन ने आपत्ति जताने के कारण कालेज भवन निर्माण कार्य थंडे बस्ते में पडा हुआ है।

वहां के कर्मचारियों का कहना है कि माध्यमिक स्कूल प्रारम्भ होने से पहले पीयू कालेज विद्यार्थियों का पाठ पूरा करने की अनिवार्यता यहां प्राध्यापकों की है। दूसरी ओर कॉलेज की कक्षाएं पूरी होने के पश्चात ही स्कूल की कक्षाओं में अध्ययन-अध्यापन शुरू हो पाता है। इन हालात में माध्यमिक स्कूल की प्रथम कक्षा चलाना तक सम्भव नहीं हो पाता है। कॉलेज में दाखिलों की कमी नहीं है।

कला, वाणिज्य एवं विज्ञान विषय पढ़ाए जाने वाले इस कॉलेज में पिछले वर्ष 470 विद्यार्थियों ने दाखिला लिया था। प्राध्यापक तथा अन्य कर्मचारियों समेत कुल जनों का स्टाफ है। वाणिज्य विभाग में 8 5 प्रतिशत, कला विभाग में 75 प्रतिशत तथा विज्ञान में 40 प्रतिशत समेत कुल 6 8 प्रतिशत परिणाम दर्ज हुआ है। माध्यमिक स्कूल कमरे में ही विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों को भौत्तिक विज्ञान, रसायन विज्ञान एवं जीव विज्ञान विषयों के लिए अस्थाई प्रयोगशालाओं का निर्माण किया गया है।


इस साल भी 240 से अधिक विद्यार्थियों ने यहां दाखिला लिया है। कॉलेज के स्थाई भवन की कमी के कारण अतिरिक्त विद्यार्थियों को दाखिल नहीं करने के बारे में कालेज विचार कर रहा है।


इनका कहना है
कॉलेज के खुद के भवन निर्माण के लिए सरकार की ओर से अनुदान मंजूर हो गया है। दो चरणों में कुल 12 कमरों के निर्माण के लिए ब्लू-प्रिंट तैयार हो गया है परंतु जगह की समस्या उपजी हुई है। सुभाष कोटगी, प्रभारी प्राचार्य

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