कर्नाटक में पाठ्य पुस्तक से 'धार्मिक भावना आहत करने वाला’ अंश हटाया जाएगा: मंत्री

ब्राह्मण समुदाय (Brahmin community in Karnataka) ने जताई थी आपत्ति

By: Santosh kumar Pandey

Updated: 18 Dec 2020, 03:05 PM IST

बेंगलूरु. कर्नाटक में ब्राह्मण समुदाय नेे स्कूल की पाठ्यपुस्तकों के कुछअंशों पर 'धार्मिक भावनाओं को आहत’ (hurting religious sentiments) करने का आरोप लगाते हुए आपत्ति जताई थी। अब राज्य सरकार ने उस अंश को हटाने का आदेश जारी किया है।

प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा मंत्री एस सुरेश कुमार ने कक्षा 6 की सामाजिक विज्ञान की पाठ्यपुस्तक से विवादित अंशों को हटाने के आदेश दिए हैं।

अप्रासंगिक और अनुपयुक्त

आदेश में यह कहा गया है कि पाठ्यपुस्तक में आए उक्त प्रसंग अप्रासंगिक और अनुपयुक्त हैं। इन्हें तत्काल प्रभाव से पाठ्यक्रम से हटा दिया जाए।
मालूम हो कि कर्नाटक राज्य ब्राह्मण विकास बोर्ड के एक प्रतिनिधिमंडल ने अधिकारियों के साथ इस मुद्दे को उठाया था। बताया जाता है कि पाठ्यपुस्तक मेंं ब्राह्मणों द्वारा किए गए "हवन" के दौरान कृषि पशुओं की बलि देने के कारण वैदिक काल में भोजन की कमी की बात कही गई है।
इसकी पुष्टि करते हुए मंत्री सुरेश कुमार ने कहा कि मंत्रालय राघवेंद्र स्वामी ने टेलीफोन कॉल पर बात की थी, जिसमें कहा गया था कि इस तरह की बातें ब्राह्मण समुदाय की भावनाओं को आहत करती हैं।

विशेषज्ञ समिति का गठन
कुमार ने कर्नाटक पाठ्य पुस्तक सोसाइटी (Karnataka Text Book Society) को एक विशेषज्ञ समिति बनाने और कक्षा १ से १० तक सामाजिक विज्ञान और भाषा की पुस्तकों का विश्लेषण करने का निर्देश दिया है। समिति में शिक्षक और विषय-विशेषज्ञ शामिल होंगे, जो सामाजिक विज्ञान और भाषाओं से संबंधित सभी पाठ्य पुस्तकों की समीक्षा करेंगे और सरकार को रिपोर्ट देंगे।

Santosh kumar Pandey Desk
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned