परिवहन नियमों का पालन हो तो कम होंगे सड़क हादसे: मुख्यमंत्री

इस दौरान उन्होंने कहा कि दुपहिया वाहनों पर करतब दिखाने या व्हीलिंग करते समय कोई हादसा हुआ तो इसके लिए अभिभावकों को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। वाहन चलाने वालों को हमेशा इस बात को याद रखना होगा कि घर पर उनका परिवार प्रतीक्षा कर रहा है।

बेंगलूरु. मुख्यमंत्री बीएस येडियूरप्पा ने मंगलवार को कंटीरवा स्टेडियम में बेंगलूरु यातायात पुलिस और परिवहन विभाग के तत्वावधान में ३१वें राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा सप्ताह कार्यक्रम का उद्घाटन किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि दुपहिया वाहनों पर करतब दिखाने या व्हीलिंग करते समय कोई हादसा हुआ तो इसके लिए अभिभावकों को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। वाहन चलाने वालों को हमेशा इस बात को याद रखना होगा कि घर पर उनका परिवार प्रतीक्षा कर रहा है।

सड़क पर चलते समय नियमों के पालन और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल से हादसों की संख्या में कमी लाई जा सकती है। हर साल प्रदेश में सड़क हादसों में मरने वालों और घायलों की संख्या बढ़ती है। २०१९ में १०,३१७ लोगों की मौत हुई और ४९,५७२ लोग घायल हुए। जनसंख्या के साथ वाहन भी बढ़ रहे हैं। सड़क पर चलते समय जिम्मेदारी के साथ नियमों का पालन करें।
मुख्यमत्री ने कहा कि अगले शैक्षणिक वर्ष से यातायात नियमों को एक अध्याय के रूप में पुस्तकों में शामिल किया जाएगा। इसके लिए अभी से ही तैयारी करने के लिए शिक्षा विशेषज्ञों को निर्देश दिया गया है।


गृह मंत्री बसवराज बोम्मई ने कहा कि सड़क सुरक्षा को लेकर बृहद स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। विधायक रिजवान अरशद, पुलिस महानिदेशकनीलमणि एन. राजू , पुलिस आयुक्त भास्कर राव, संयुक्त पुलिस आयुक्त (यातायात) बीआर रविकांते गौड़ा और कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित थेे। श्रेष्ठ सेवा करने वाले यातायात पुलिस कर्मचारियों का सम्मान किया गया। छात्रों को सड़क सुरक्षा से संबंधित जानकारी दी गई।

Surendra Rajpurohit Reporting
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