बांसवाड़ा : खरीफ केे खराबे के बाद अब रबी में मावठ ने बढ़ाई मुसीबत

किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें

By: Ashish vajpayee

Published: 07 Mar 2020, 01:47 AM IST

बांसवाड़ा. खरीफ में अतिवृष्टि के चलते किसान फसल खराबे से उबर नहीं पाए और मावठ ने चिंता की लकीरें बढ़ा दी है। अचानक ही मौसम में आए बदलाव और बारिश से किसानों की फसल को नुकसान हुआ है। ऐसे में भूमिपूत्रों की आंखों आसमान में गिड़गिड़ा गई है।
परतापुर. गढ़ी उपखण्ड क्षेत्र में माही का पानी अंतिम छोर पर समय पर नही पहुंचने के कारण फसलें सूखने लगी थी और अब बारिश से भी किसानों को नुकसान हो रहा है। आस पास के गांवों में खेतों में ही फसल पड़ी हुई है। कहीं पर कटी है तो कहीं पर पुले के ढेर है।
पालोदा. बेमौसम हुई बारिश के कारण किसानों को नुकसान हुआ है। आस पास के गांवों में फसल के पकने के बाद भी अचानक आई बारिश से गेहूं भीग गया और किसानों की हालत खराब हो गई है। वहीं तेज हवाओं के कारण भी गेहूं आड़े पड़ रहे है।
डडूका. बीती रात तेज हवाएं और तेज बारिश के चलते किसानों की उम्मीदों पर पानी फिर गया। जगह जगह खेतों में खड़ी फसल जो पक चुकी थी, लेकिन पानी गिरने से खराब हो गई है। अब इसका असर उत्पादन पर पड़ रहा है।
ठीकरिया. अनाचक आई बारिश के कारण किसानों को 70 फीसदी तक फसलों का नुकसान हुआ है। प्रांतीय किसान संघ तहसील अध्यक्ष रमेश जोशी ने बताया कि जिन किसानों ने एक दिन पहले पानी खेतों में पिलाया है। उन्हें गत रात्रि तेज हवा के साथ बरसात होने के बाद खेतों में फसल गिर गई है।
आनंदपुरी. क्षेत्र में तेज हवाओं के कारण किसानों को नुकसान हुआ है। सामान्य रूप से होली के बाद फसल कटाई काम शुरू होता है, लेकिन बारिश के चलते किसानों की चिंता बढ़ गई है।
चिडिय़ावासा. क्षेत्र में बीती रात बेमौसम बारिश के कारण फसलों को गहरा नुकसान हुआ है। किसानों की गेहूं ओर सोयाबीन की फसल पकी पकाई होने के कारण नुकसान झेलना पड़ रहा है।
खोडऩ. मौसम परिवर्तन के कारण गेहूं की फसल को लेकर किसान परेशान हो गए है। पूरे क्षेत्र में गेहूं की फसल को नुकसान हुआ है। जहां पर फसल पकी थी, वह भी खराब हो गई है और जहां पर खड़ी थी, उसे भी नुकसान पहुंचा है।

Ashish vajpayee
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned