बांसवाड़ा-डूंगरपुर लोकसभा सीट से भगोरा को चौथी बार मौका, पार पाना होगा अंदर-बाहर की चुनौतियों से

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By: deendayal sharma

Published: 29 Mar 2019, 09:57 AM IST

बांसवाड़ा. बांसवाड़ा-डूंगरपुर लोकसभा सीट से कांग्रेस ने प्रत्याशी की घोषणा कर दी है। इस सीट से तीन बार सांसद रहे ताराचंद भगोरा पर पार्टी ने फिर भरोसा जताते हुए प्रत्याशी घोषित किया है। भगोरा को टिकट मिलने की पूरी उम्मीद थी, लेकिन चीखली प्रधान महेंद्र बरजोड़ की दावेदारी के कारण कांगे्रस में टिकट को लेकर उलझन बन गई थी, जो प्रत्याशियों की घोषणा के साथ ही खत्म हो गई।
भगोरा का राजनीतिक सफर

बीएसएनएल में टेलीकॉम ऑपरेटर के पद से वीआरएस लेने के बाद वे पहली बार 1996 में कांगे्रस के टिकट पर चुनाव लड़े और जीत दर्ज कर सांसद बने। इसके बाद वे 1999 में दूसरी बार तथा 2009 में हुए चुनाव में तीसरी बार सांसद बने। वे डूंगरपुर के जिला प्रमुख भी रह चुके हैं।
डूंगरपुर की थी बारी

बांसवाड़ा-डूंगरपुर लोकसभा क्षेत्र में कांगे्रस में एक बार बांसवाड़ा और एक बार डूंगरपुर से प्रत्याशी चयन की परिपाटी बनी हुई है। 2014 में बांसवाड़ा से जिला प्रमुख रेशम मालवीया को टिकट दिया गया। इस बार डूंगरपुर की बारी थी। बांसवाड़ा जिला कांगे्रस कमेटी ने प्रदेश आलाकमान को यह अवगत करा दिया था कि डूंगरपुर कांगे्रस की ओर से जो नाम तय होगा और पार्टी जिसे टिकट देगी, बांसवाड़ा कांगे्रस उसके साथ रहेगी। 2018 में हुए विधानसभा चुनाव में भी ताराचंद भगोरा डूंगरपुर से टिकट की दौड़ में थे, लेकिन पार्टी आलाकमान ने उन्हें लोकसभा चुनाव की तैयारी करने के संकेत दे दिए थे। तभी से माना जा रहा था कि उन्हें लोकसभा में टिकट दिया जाएगा।
सामने आई थी खटास

हालांकि बीते दिनों चीखली प्रधान महेंद्र बरजोड़ की ओर से भी टिकट को लेकर दावेदारी की गई। इसे लेकर होली मिलन समारोह में भगोरा को टिकट नहीं मिलने पर कुछ कार्यकर्ताओं ने त्यागपत्र देने की बात भी कही थी। वहीं कांगे्रस जिलाध्यक्ष दिनेश खोडनिया ने भी हाल ही में हुई एक बैठक में कहा था कि एक ही व्यक्ति को टिकट के लिए दबाव बनाने की राजनीति की जा रही है।
बीटीपी की भी चुनौती

इस सीट से भगोरा ने तीन बार जीत हासिल की है, लेकिन इस बार मुकाबला कड़ा होना है। पिछले तीन बार भगोरा का मुख्य मुकाबला भाजपा के प्रत्याशी से हुआ, लेकिन इस बार जीत हासिल करने के लिए भाजपा के साथ बीटीपी से भी पार पाना होगा।

एक नजर में
नाम : ताराचंद भगोरा

आयु : 65 वर्ष
संतान : दो पुत्र, दो पुत्रियां

शिक्षा : एमए राजनीति विज्ञान
राजनीतिक अनुभव : ढाई दशक

 

deendayal sharma Desk
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