बांसवाड़ा : पढ़े लिखे मां-बाप ने दिया डेढ़ साल के बच्चे को डाम का दर्द

Ashish vajpayee

Publish: Feb, 15 2018 01:08:11 PM (IST)

Banswara, Rajasthan, India
बांसवाड़ा : पढ़े लिखे मां-बाप ने दिया डेढ़ साल के बच्चे को डाम का दर्द

पिता 12वीं व मां 10वीं पढ़ी है, तान की बीमारी से ग्रसित है बच्चा

बांसवाड़ा. पढ़े लिखे अभिभावकों की नासमझी का खामियाजा एक डेढ़ साल के मासूम को 100 गुना ज्यादा दर्द सहकर चुकाना पड़ा। इतना ही नहीं काफी दर्द सहने के बाद भी माता-पिता को डाम लगाने का कोई अफसोस तक नहीं। बल्कि वो इसे सही मानते हैं। हालांकि की बच्चा अभी महात्मा गांधी अस्पताल में भर्ती है जिसका उपचार जारी है।

दोनों हाथों को दागा, दर्द से कराह रहा बच्चा
एमजी अस्पताल में भर्ती बच्चा डाम लगने के बाद से दर्द से कहार रहा है। भोपे ने उपचार के नाम पर उसके दोनों हांथों को गर्म सरिये से दाग दिया। जिससे उसकी कलाई पर घाव हो गए हैं।

पढ़े लिखे हैं मां-बाप
बच्चे के माता-पिता दोनों शिक्षित हैं पिता मानसिंह बाहरवीं तो माता राधा 10वीं पास है। उसके बाद भी परिजनों ने यह कदम उठाया। यहां तक की मानसिंग स्वयं एक नर्सिंग स्टूडेंट रह चुका है। जो भोलवाड़ा के किसी नर्सिंग इंस्टिट्यूट में पढ़ता था। लेकिन पैसों के आभाव में पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी।

यह है मामला
मामला परतापुर कस्बे के लोहारिया पाड़ा गांव का है। मानसिंह का 18 माह का बेटा लक्ष्यराज बीमार चल रहा था। उसे ताण यानी मिर्गी आने की बीमारी है। इस पर परिजन उसे भोपे के पास डाम लगाने ले गए। इसके बाद भी लक्ष्यराज ठीक नहीं हुआ। तबीयत ज्यादा होने पर उसे परतापुर सीएचसी ले गए जहां से राहत नहीं मिलने पर एमजी अस्पताल लाया गया।

पिता का कहना
बच्चे के पिता मानसिंह का कहना है कि बच्चे के तान की बीमारी है। इसलिए उसे भोपे के पास ले गए। जहां उसका उपचार कराया।

पहले भी कई मामले आए हैं सामने
इलाज के नाम पर मासूमों को भोपों के पास ले जाकर डाम लगाने के पहले भी कई मामले सामने आ चुके है। जिसमें कुछ की तो मौत भी हो गई थी। कुशलगढ़, अरनोद, सालमगढ़, उटियापाण सहित कई क्षेत्रों में पहले भी एेसी ही घटनाएं हुई थी। इस पर कई मामलों में तो कलक्टर ने भी जांच कर एेसे भोपों के खिलाफ कार्रवाई करने के विभाग के अफसरों को निर्देश दिए थे।

Rajasthan Patrika Live TV

1
Ad Block is Banned