बांसवाड़ा : चौंका रहा कुशलगढ़ का विश्लेषण, मार्च के दूसरे सप्ताह में संक्रमण की घुसपैठ

Coronavirus Update, Coronavirus In Rajasthan : स्त्रोत को लेकर आखिरी निष्कर्ष नहीं, सेंपल के नए नतीजों से कोरोना पर अंकुश की उम्मीद बढ़ी

By: mradul Kumar purohit

Published: 09 Apr 2020, 02:01 PM IST

बांसवाड़ा. कुशलगढ़ में 12 कोरोना पॉजीटिव केस के खुलासे के बाद भी हालांकि चिकित्सा विभाग और आरएनटी मेडिकल कॉलेज, उदयपुर की टीमें कुशलगढ़ में कोरोना के बीज के स्त्रोत को नहीं जान पाई है, लेकिन कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग और टेस्ट रिजल्ट के विश्लेषण से इस पर काबू पाने में सफलता लगातार मिल रही है। बुधवार को 37 नेगेटिव नतीजों ने टीमों का उत्साह बढ़ा दिया, जिससे अब आसपास के इलाकों से 10 और डॉक्टर लगाकर पहले से जंग में लगी टीमों की मदद में इजाफा कर दिया गया है। उदयपुर से आई टीम के डॉ. आशीष जैन और पीडियाट्रिशियन डॉ. कमलेश बामनिया के मुताबिक यहां संक्रमण किस जरिए से आया, यह अस्पष्ट है लेकिन स्पष्ट है कि कोरोना विदेश से आया। अब तक भय से चुप्पी साधे बोहरा समुदाय के लोग अब सचाई बताने लगे हैं। इससे उम्मीद है कि संक्रमण पर पूरी तरह काबू पा लिया जाएगा। विश्लेषण से यह संकेत भी मिले हैं कि 11 मार्च से 25 मार्च के बीच आयोजनों में कम्यूनिटी स्प्रेड हुआ। यह एक ही समुदाय के संपर्कित लोगों में होने से कस्बे के वार्ड 12 और आसपास के इलाके की पूरी सेंपलिंग के ध्येय के साथ ब्लॉक स्तर पर फोकस करने की एडवाइजरी दी है। बुधवार अपराह्न तक 50 से ज्यादा लोग चिन्हित कर सेम्पल लेने का सिलसिला शुरू कर दिया गया। विभागीय अधिकारियों का भी मानना है कि ज्यादा से ज्यादा सेम्पलिंग और इनकी केस हिस्ट्री लेने से कस्बे में कोरोना के स्त्रोत को लेकर चल रही उहापोह से निकलकर आखिरी नतीजे तक पहुंच पाएंगे।

रेंडम शुरुआत ने खोली कलई, वरना हो जाता गजब : - डॉक्टर जैन का कहना है कि 31 मार्च को कुशलगढ़ की संदिग्ध महिला की नेगेटिव रिपोर्ट को भी हल्के नहीं लिया जा रहा, कारण कि वह शत प्रतिशत सही हो इसकी गारंटी कोई नहीं दे सकता। गनीमत रही कि बांसवाड़ा के डॉ. जिमेश पंड्या और डॉ. अश्विन पाटीदार की टीम ने रेंडम नमूने लिए, जिससे विस्फोटक हालात बन सकते थे। हालांकि कम्यूनिटी स्प्रेड के कई कारक सामने आए हैं, लेकिन विभाग और प्रशासन चेता और सेम्पलिंग का क्रम बढ़ाने सकारात्मक स्थिति बनने लगी है। विशेषज्ञों के अनुसार अब तक सामने आए केसेज से कुशलगढ़ में कोरोना का फैलाव जनाजे में शामिल होकर सामूहिक मूवमेंट, फिर फातिया पढऩे लोगों के जुटने और जमात के भोज में शिरकत से होने के संकेत मिले हैं। उदयपुर से आई टीम में शामिल डॉ. बामनिया के अनुसार गनीमत यह कि इससे बच्चे अछूते रहे और वयस्कों, बुजुर्गों को ही कोरोना ने प्रभावित किया है। इससे पहले 2 दिन से चूड़ादा में अव्यवस्थाओं से परेशान कवारेंटल लोगों की शिकायतों पर चेते प्रशासन ने यहां आवासीय स्कूल के कमरों-हॉल में खराब पड़े पंखे बदलवाकर सेनेटाइजेशन के बन्दोबस्त करवाए। यहां बैड शीटें, रोगियों की डिस्टेंसिंग के साथ जरूरत का सामान अलग-अलग बंटवाया और खाने-पीने की व्यवस्था में भी सुधार किया। सीएमएचओ डॉ. हीरालाल ताबियार और इनके पहले से कुशलगढ़ में डटे एडिशनल सीएमएचओ डॉ. हरीश कटारा ने अब 50 से ज्यादा नियमित सेम्पलिंग के लक्ष्य को लेकर संदिग्धों को क्वारेंटल करने के लिए नवकार गार्डन में तैयारी करवाई। करीब 20 कमरों के इस गार्डन में अब नए संदिग्धों को रखा जा रहा है।

Coronavirus Impact Coronavirus in india
Show More
mradul Kumar purohit Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned