28 लाख के गबन पर एक पखवाड़ा बाद भी कार्रवाई नहीं

पचपदरा थाने में एक पखवाड़ा पूर्व सरकारी राशि हड़पने, बदनीयती से गबन व धोखाधड़ी के मामले में पुलिस अधिकारियों को जांच करने की फुर्सत नहीं है।

By: Moola Ram

Published: 12 Nov 2017, 05:10 PM IST

बालोतरा. पचपदरा थाने में एक पखवाड़ा पूर्व सरकारी राशि हड़पने, बदनीयती से गबन व धोखाधड़ी के मामले में पुलिस अधिकारियों को जांच करने की फुर्सत नहीं है। इस मामले में एक एनजीओं के कार्मिकों सहित कुछ लोगों ने मिलीभगत कर 672 लोगों को गलत तरीके से सामाजिक सुरक्षा पेंशन जारी करवा राजकोष को लगभग 28 लाख की चपत लगा दी। पुलिस अधिकारी हत्या के मामले में उलझा होने की बात कह इसकी बाद में जांच पड़ताल करने की बात कह रहे हैं।

राज्य सरकार की ओर बुजुर्गों को दी जाने वाली पेंशन में एक एनजीओ कार्मिक समेत कुछ लोगों की ओर से 27 लाख रूपए से अधिक का गबन करने का मामला उजागर हुआ है। उपकोषाधिकारी ने 672 लोगों को नोटिस जारी कर गलत तरीके से उठाई पेंशन वापस जमा करवाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही एनजीओ सचिव, कम्प्यूटर ऑपरेटर समेत चार जनों के विरूद्ध पचपदरा थाने में मामला दर्जकरवाया है। 27 अक्टूबर को पचपदरा उपकोषाधिकारी देवीलाल सुथार ने पुलिस थाना में प्रवीण कुमार पुत्र जगदीश कुमार धोबी निवासी आदर्श कॉलोनी समदड़ी, रेडी एनजीओ सचिव देवाराम चौधरी, उम्मेदसिंह पुत्र जालमसिंह राजपूत निवासी चारलाईखुर्द व आंगनबाड़ी कार्यकर्ता श्रीमती मंजू के खिलाफ रिपोर्ट पेश की। उसके मुताबिक सरकार की ओर सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनांतर्गत पेंशनर्स को बैंक खातों व मनी आर्डर से पेंशन दी जाती है। उपखंड अधिकारी व विकास अधिकारी की ओर से पेंशनरों का सत्यापन कर नया नाम जोड़ा जाता है। विभागीय निर्देशों पर पुराने सॉफ्टवेयर से नए सॉफ्टवेयर में डाटा फीडिंग किया जा रहा है। इसके लिए रेडी संस्थान के माध्यम से प्रवीण कुमार को कम्प्यूटर ऑपरेटर नियुक्त किया गया था। ऑपरेटर ने जालसाजी कर कईफर्जी पेंशनरों के नाम ऑनलाइन डाटा में जोड़े। फर्जीवाड़े की शिकायत पर जांच करवाई गई। ऑपरेटर ने विभागीय आईडी व पासवर्डका दुरुपयोग व फर्जीपीपीओ नंबर दर्जकर पेंशनरों के मध्यस्थों के मार्फत कुल 27,62,750 रूपए फर्जीगलत व फर्जीतरीके भुगतान किया। पुलिस ने आरोपितों के विरूद्ध सरकारी राशि हड़पने, बदनीयती से गबन, राजकार्यमें बाधा डालने व धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया।

नहीं मिली फुर्सत

मामला दर्ज हुए एक पखवाड़ा से बीत चुका है। लेकिन पुलिस ने जांच तक शुरू नहीं की है। पुलिस अधिकारी हत्या के एक मामले में उलझे होने की बात कहते हुए इससे फुर्सत मिलने पर इसकी जांच करने को कह रहे हैं।

अन्य मामले में व्यस्त

सरकारी राशि के गबन को लेकर मामला दर्ज है। हत्या के मामले में व्यस्त होने पर अनुसंधान शुरू नहीं हो पाया। शीघ्र शुरू करेंगे।
देवेन्द्रसिंह कविया, थानाधिकारी पचपदरा

Moola Ram
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