स्वाइन फ्लू : साल 2021 में प्रदेश में केवल 5 केस

-सितम्बर तक पूरे साल में कुल 14 नमूनों की जांच
-6 जिलों में ही स्वाइन फ्लू की हुई जांच
-स्वाइन फ्लू से मौत का मामला एक भी नहीं

By: Mahendra Trivedi

Updated: 15 Sep 2021, 08:15 PM IST

बाड़मेर. कोरोना से पहले खौफनाक माने जाने वाले स्वाइन फ्लू के बीमार साल 2021 में सितम्बर तक केवल 5 लोग ही मिले। जबकि कोविड जैसे लक्षणों वाले स्वाइन फ्लू के महामारी से पहले हजारों केस आते थे। मौसम में बदलाव के साथ ही स्वाइन फ्लू का कहर शुरू हो जाता था। स्वाइन फ्लू सैकड़ों लोगों को शिकार भी बनता रहा है।
तेज सर्दी की सीजन में जनवरी-फरवरी महीने में स्वाइन फ्लू का कहर शुरू हो जाता था। साल 2019 तक तो यह सिलसिला बना रहा। लेकिन जब से कोविड का कहर शुरू हुआ है, स्वाइन फ्लू की बीमारी खत्म जैसी हो गई है। जबकि जानकारों का मानना है कि स्वाइन फ्लू और कोविड महामारी के दोनों बीमारियों के लक्षण एक जैसे हैं। लेकिन अभी महामारी का दौर चल रहा है। इसलिए कोविड का टेस्ट ही किया जा रहा है। स्वाइन फ्लू जैसे लक्षण होने पर भी कोरोना की जांच करवाई जाती है। जबकि बदलते मौसम में देखा जाए तो दोनों जांच करवाई जानी चाहिए।
स्वाइन फ्लू का तो उपचार संभव
चिकित्सा विशेषज्ञों का कहना है स्वाइन फ्लू का समय पर पता चल जाए तो उसके उपचार के लिए दवाइयां उपलब्ध है। इसलिए कोविड जैसे लक्षण किसी मरीज में दिखते हैं और नेेगेटिव आता है और बीमारी फिर से भी नहीं जा रही है तो उसका स्वाइन फ्लू का टेस्ट भी करवाना चाहिए। संभव है उसे स्वाइन फ्लू हो और मरीज का उपचार हो जाए तो जिंदगी बचाई जा सकती है।
प्रदेश के केवल 6 जिले में हुई स्वाइन फ्लू की जांच
कोविड महामारी के बीच पांच जिले प्रदेश में ऐसे भी है, जहां पर स्वाइन फ्लू जैसे लक्षण होने पर उनकी जांच करवाई गई। इन जिलों में कुल 14 लोगों के स्वाब के नमूनों की टेस्टिंग की गई। जिसमें से 5 की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। वहीं 9 लोग नेगेटिव रहे। यह आंकड़े 1 जनवरी से 6 सितम्बर 2021 तक के है। प्रदेश में अब तक मौत का कोई मामला सामने नहीं आया है।
कहां मिले स्वाइन फ्लू रोगी
जयपुर : 1
स.माधौपुर : 1
राजसमंद : 1
कोटा : 1
अलवर : 1

Show More
Mahendra Trivedi
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned