कहीं पहुंचता नहीं तो कहीं बिक जाता है पानी

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By: Mahendra Trivedi

Published: 07 Jan 2019, 11:57 AM IST

गांवों में पेयजल संकट : सर्दियों में भी थार में पानी की कमी, गर्मियों से पहले लोगों की बढ़ गई चिंता
कहीं पहुंचता नहीं तो कहीं बिक जाता है पानी
पानी आते ही बेचने वाले भर लेते हैं टंकियां, ग्राम पंचायत सणपा मानजी में पानी खरीदना मजबूरी
सिणधरी . ग्राम पंचायत सणपा मानजी मुख्यालय पर स्थित जीएलआर में पानी आते ही पानी बेचने वाले टूट पड़ते हैं। यहां हर समय कई लोग ट्रैक्टर टंकियां लेकर खड़े रहते हैं। जैसे ही जीएलआर में पानी की आपूर्ति शुरू होती है तो वे उसमें पाइप लगा टंकियां भर लेते हैं। इसके बाद ग्रामीणों को पानी नहीं मिलने पर वही पानी उन्हें महंगे दाम पर बेच दिया जाता है। जीएलआर में आपूर्ति के बाद पानी चोरी हो जाने से गांव में सर्दी के दिनों में भी पेयजल किल्लत व्याप्त है। वहीं गर्मी के दिनों में हालात और खराब हो जाते हंै।

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लंबे समय से जीएलआर सूखा, ग्रामीणों के साथ मवेशी प्यासे
रामसर . क्षेत्र के गांधीनगर खड़ीन गांव में पिछले कुछ दिनों से नियमित जलापूर्ति नहीं हो रही है। इसके चलते ग्रामीणों को ट्रैक्टर टंकियों से पानी मंगवाना पड़ रहा है। ऐसे में यहां के बाशिंदों को पेयजल समस्या का सामना करना पड़ रहा है। गंगाला से आने वाली पाइप लाइन में अवैध कनेक्शन की वजह से यहां तक पानी पहुंच ही नहीं पाता। यहां 50 घरों की आबादी पानी के लिए तरस रही हैं। ग्रामीणों ने कई बार जलदाय विभाग के अधिकारियों को अवगत करवाया, लेकिन समस्या समाधान नहीं हो रहा। ग्रामीण देवाराम सियोल ने बताया जहां पिछले 10 दिनों से पानी नहीं आ रहा है। कई बार कनिष्ठअभियंता को अवगत करवा चुके हैं, लेकिन यहां रोजाना 50 से ज्यादा पशुधन प्यासे ही रहते हैं।

Mahendra Trivedi Reporting
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