शिक्षक नहीं हैं, पढ़ाई का केवल दिखावा

जिले के 5 दर्जन सरकारी स्कूल केवल एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं, तो वहीं दूसरी ओर 4 स्कूलों में एक भी शिक्षक नहीं है, जिनमें तीन प्राथमिक और एक हाई स्कूल शामिल हैं।

By: Satya Narayan Shukla

Published: 19 Apr 2016, 11:41 PM IST

बेमेतरा. एक तरफ सरकार शिक्षा गुणवत्ता की बात कह रही है, दूसरी तरफ जिले के स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है। जिले के 5 दर्जन सरकारी स्कूल केवल एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं, तो वहीं दूसरी ओर 4 स्कूलों में एक भी शिक्षक नहीं है, जिनमें तीन प्राथमिक और एक हाई स्कूल शामिल हैं।

60 में केवल एक शिक्षक
शिक्षा विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, जिले के 60 स्कूलों में शिक्षकों के नाम पर केवल एक शिक्षक है। सबसे ज्यादा प्रभावित प्राथमिक स्तर के स्कूल हैं, जिसमें बेमेतरा विकास खंड के सूखाताल, नेवासपुर, तरके, कुरदा, झाझाडीह, बंशापुर, बिरमपुर, गारखपुर, सनकापाट, सिंगपुर, करमतरा, सुरूगदहरा, घठोली, नरी, देवगांव, खपरी, भोथीडीह, पौसरी, बंगाद, सोनुपरी, मोहरेगा, दाढ़ी सभी प्राथमिक शाला के अलावा शासकीय हाई स्कूल दोनपुरी शामिल है। वहीं बेरला विकास खंड में पथरपुंजी, सहगांव, पुराना भिलौरी, गाड़ामोर, सूरजपुरा, रूसेडीह, सूर्द मुड़पार, पेंड्री, माझा डेरा, टेमरी, पारधी पारा, खिसोरा, सभी प्राथमिक शाला व कुरूद माध्यमिक स्कूल एक शिक्षकीय है।

साजा की स्थिति बेहतर
नवागढ़ में पूर्व माध्यमिक शाला घौराभाठा, मारो, घोरहा, पौसरी, नेवसा, प्राथमिक शाला बारदेहीद, बाटेबोड़, भेसामुड़ा, बेलदहरा, घनोरा, रमपुरा, चाकापेड़ा, इचीपुर, कुरूवा, लालपुर, दोहत शामिल हैं। साजा में दीगर विकास खंडों की अपेक्षा बेहतर स्थिति है। इस विकास खंड में ठरकपुर, बोरिका, कारवाय, मोतसरा, पड़कीटोला, पलेनी, उरैहा, डगनिया व हाडाहुली प्राथमिक शाला एक शिक्षकीय हैं। स्वीकृत पदों की अपेक्षा एक पद पर ही पदस्थापना होने के कारण पांच कक्षाओं के लिए एक मात्र शिक्षक का भरोसा है। नेवासपुर, टरके कुरदा शिक्षक विहीन प्राथमिक शाला है। सोनपुरी शिक्षक विहीन हाई स्कूल है।

विषयों के शिक्षकों की कमी
प्राथमिक स्तर के स्कूलों के बाद उच्चतर माध्यमिक स्तर के स्कूल विषय वार शिक्षकों की कमी से जूझ रहे हैं, जिसमें हिंदी के 13, अंग्रेजी के 26, संस्कृत के 23, भौतिक के 35, रसायन के 25 व जीवविज्ञान के 7, गणित के 22, अर्थशास्त्र के 32, वाणिज्य कृषि के 2, व्यावसायिक शिक्षा के 26 पद सहित 259 पद रिक्त है। 56 प्राचार्य, 145 व्याख्याता के पद भी रिक्त हैं। हाई स्कूलों में 69 प्राचार्य, 21 व्याख्याता 88 शिक्षाकर्मी-एक के पद रिक्त हैं। जबकि माध्यमिक स्कूलों में 459 शिक्षकों के पद रिक्त हैं। प्राथमिक स्कूलों में 520 प्रधान पाठक और 176 सहायक शिक्षक वर्ग-तीन के पद रिक्त हैं। प्राथमिक स्कूलों में प्रधान पाठक के 735 पद स्वीकृत हैं, जबकि केवल 215 कार्यरत हैं।

ली गई है जानकारी
बेमेतरा विकासखंड के बीईओ ओपी टंडन ने बताया कि डीईओ के आदेश पर बेमेतरा विकाखंड के शिक्षक विहीन व एक शिक्षकीय स्कूलों में नए सिरे से व्यवस्था की जा रही है। संकुल समन्वयकों से जानकारी ली गई है।

Satya Narayan Shukla Desk/Reporting
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