चोरी-छिपे कर रहे गंदा काम, पकड़े जाने पर दिखा रहे राजनीतिक पहुंच की धौंस

चोरी-छिपे कर रहे गंदा काम, पकड़े जाने पर दिखा रहे राजनीतिक पहुंच की धौंस

Laxmi Narayan Dewangan | Updated: 20 Aug 2019, 07:10:00 AM (IST) Bemetara, Bemetara, Chhattisgarh, India

शहर के हर वार्ड में खुली अघोषित शराब की दुकानें, समाजसेवी संस्था अंकुर ने एडिशनल एसपी को अवैध बिक्री स्थलों की सूची सौंपकर ठोस कार्रवाई की मांग की

बेमेतरा . शहर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर शराब की अवैध बिक्री हो रही है। आलम यह है कि शहर के हर वार्ड में अघोषित शराब की दुकानें खुल गई है। निरंतर शिकायतों के बावजूद ठोस कार्रवाई नहीं होने से कोचियों के हौसले बुलंद हैं और दिन-रात खुलेआम शराब की बिक्री कर रहे हंै। इस अवैध कारोबार में लिप्त कई कोचियों को राजनीतिक संरक्षण मिला हुआ है। इसलिए पुलिस भी बड़ी कार्रवाई करने के बजाए छोटी कार्रवाई कर खानापूर्ति करने में लगी हुई है। शहर में शराब की अवैध बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए समाजसेवी संस्था अंकुर ने एडिशनल एसपी सुनील डेविड को ज्ञापन सौंपकर ठोस कार्रवाई की मांग की है।

शराब की खुलेआम बिक्री से जनता है परेशान
संस्था के अध्यक्ष राहुल टिकरिहा ने बताया कि ज्ञापन की प्रतिलिपि विधायक आशीष छाबड़ा, कलक्टर शिखा राजपूत तिवारी, जिला आबकारी अधिकारी प्रकाश पॉल एवं कोतवाली प्रभारी राजेश मिश्रा को भी सौंपी जाएगी। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोग शराब की खुलेआम बिक्री से काफी परेशान हैं। सार्वजनिक स्थानों पर राजनीतिक संरक्षण प्राप्त कोचिए प्रशासन की नाक के नीचे शराब की अवैध बिक्री कर रहे हैं। इसलिए ज्ञापन सौंपकर तीन दिन के भीतर ठोस कार्रवाई की मांग की गई है। कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में धरना-प्रदर्शन व आंदोलन की चेतावनी दी गई है।

जवानों को दी जाती है ट्रांसफर की धमकी
संस्था के अध्यक्ष राहुल टिकरिहा ने बताया कि कई कोचिए राजनीतिक पहुंच की धौंस दिखाकर कार्रवाई के लिए पहुंचे जवानों को ट्रांसफर करा देने की धमकी देते हैं। ऐसे में कार्रवाई को लेकर पुलिस के भी हाथ बंध जा रहे हैं। बीते दो-तीन महीनो में अमरबेल की तरह शहर की गली मोहल्लो में शराब की अघोषित दुकानें खुल गई है। जहां 24 घंटे शराबियों को आसानी से शराब उपलब्ध कराई जा रही है।

शराब की अवैध बिक्री से कई परिवार हुए तबाह
जिला संयोजक गौवंश प्रकोष्ठ राजा पांडेय ने कहा कि राज्य सरकार के शराबबंदी के दावे खोखले साबित हुए हैं। वहीं जिला प्रशासन शराब की अवैध बिक्री पर अंकुश लगाने में नाकाम रहा है। नतीजतन कई परिवार बर्बादी की कगार पर पहुंच चुके हैं। इसका प्रत्यक्ष उदाहरण बीते दिनों नवागढ़ में देखने को मिला। जहां शराब व जुआ की लत की वजह से अपने खेतों को बेच दिया। बुरी लत के कारण कर्ज से लदे बुजुर्ग घर को बेच रहा था, इससे नाराज बेटों ने पिता की हत्या कर दी। इस तरह शराब की वजह से एक परिवार बर्बाद हो गया।

शहर में एक दर्जन स्थानों पर हो रही अवैध शराब बिक्री
संस्था ने ज्ञापन के साथ शहर में शराब के अवैध बिक्री वाले स्थानों की सूची भी सौंपी है। जिसमें दर्जनभर स्थानों का उल्लेख है। ज्ञापन अनुसार शहर के नया बस स्टैंड में खाद्य विभाग के पुरानी बिल्डिंग के पास, पुराना बस स्टैंड में यात्री प्रतिक्षालय के पास, बाजारपारा में पानी टंकी व बाबा बालकनाथ मंदिर जाने के मार्ग, बाजारपारा में मस्जिद के पीछे, वार्ड 15 में भैरवबाबा मंदिर के पास, रायपुर व कवर्धा मार्ग स्थित ढाबों में, पिकरी में राठी स्कूल के पीछे समेत दर्जनभर स्थानों में शराब की अवैध बिक्री हो रही है।

शुष्क दिवस में खुलेआम बिकी शराब, दर्जनों पेटी के वारे-न्यारे
राहुल टिकरिहा ने बताया कि राष्ट्रीय पर्व 15 अगस्त व 26 जनवरी के दिन शासन की ओर से शुष्क दिवस घोषित रहता है। इस दिन शराब की बिक्रीी पूरी तरह से बंद रहता है, लेकिन रायपुर मार्ग स्थित ढाबों में स्वतंत्रता दिवस के दिन दर्जनों पेटी शराब के वारे-न्यारे किए गए। अवैध बिक्री का यह खेल दुकान कर्मियों की संलिप्तता के बिना संभव नहीं है। इस संबंध में एसपी प्रशांत ठाकुर ने कहा कि अवैध शराब बिक्री पर निरंतर कार्रवाई की जा रही है। अंकुर संस्था की शिकायत पर भी कार्रवाई करेंगे। खुफिया तंत्र की सूचना व शिकायतों पर तुरंत कार्रवाई हो रही है। लोग सीधे मुझसे शिकायत करें, नाम गोपनीय रखा जाएगा।

Show More

MP/CG लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned