फिर गहराया यूरिया संकट: डबल लॉक गोदामों से यूरिया खत्म

बैतूल जिला रबी सीजन में एक बार फिर यूरिया संकट से जूझ रहा है। जिला विपणन संघ के डबल लॉक गोदाम खाली हो चुके हैं। सोयाटियों में भी यूरिया को लेकर मारामारी शुरू हो चुकी है। ऐसे में निजी दुकानों पर भी यूरिया की जबदस्त डिमांड बढऩे से ब्लैक मार्केटिंग शुरू हो गई है।

By: Devendra Karande

Published: 20 Nov 2020, 09:08 PM IST

बैतूल। बैतूल जिला रबी सीजन में एक बार फिर यूरिया संकट से जूझ रहा है। जिला विपणन संघ के डबल लॉक गोदाम खाली हो चुके हैं। सोयाटियों में भी यूरिया को लेकर मारामारी शुरू हो चुकी है। ऐसे में निजी दुकानों पर भी यूरिया की जबदस्त डिमांड बढऩे से ब्लैक मार्केटिंग शुरू हो गई है। जिले में सहकारिता क्षेत्र में यूरिया के लिए ४७ हजार मीट्रिक टन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है लेकिन अभी तक साढ़े दस हजार मीट्रिक टन यूरिया की मिला है। यूरिया की आपूर्ति कम और मांग अधिक होने के कारण किसानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
यूरिया खत्म किसान लगा रहे चक्कर
विपणन संघ के मुताबिक अभी तक १० हजार ४३५ मीट्रिक टन यूरिया मिला है। पूरे यूरिया का वितरण सोसायटियों को कर दिया गया है। डबल लॉक में यूरिया की स्थिति निल है। इसी प्रकार सुपर फास्टफेट ५ हजार मीट्रिक टन आया था जिसमें से ४५०० का वितरण हो चुका है और शेष ५०० मीट्रिक टन सुपर बचा हुआ है। डीएपी ७७३६ मीट्रिक टन मिला था जिसमें से ४०७७ का वितरण किया जा चुका है। शेष ३६५९ मीट्रिक टन डीएपी बना चुका है। इसी प्रकार पोटाश १४४७ मीट्रिक टन मिला था जिसमें से ८४४ मीट्रिक टन का वितरण कर दिया गया है। शेष ६०३ मीट्रिक टन बचा हुआ है। यूरिया को लेकर संकट की स्थिति बनती नजर आ रही है। क्योंकि जिले में सहाकारिता क्षेत्र में यूरिया का ४७ हजार मीट्रिक टन का टारगेट निर्धारित किया गया है, लेकिन अभी तक १० हजार मीट्रिक टन ही यूरिया मिल सका है।
सोसायटी के चक्कर काट रहे किसान
किसानों को यूरिया के लिए सोसायटियों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। बताया गया कि डबल लॉक गोदाम खाली होने के बाद कुछ सोसायटियों में भी यूरिया खत्म हो चुका है। जिन क्षेत्रों में किसानों ने जल्दी बोवनी कर दी थी वहां किसान यूरिया नहीं मिलने से परेशान है। निजी विक्रेताओं के पास भी यूरिया कम मात्रा में मौजूद हैं। ऐसे में जिले में यूरिया का संकट पुन: गहराता हुआ नजर आ रहा है।

Devendra Karande Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned